नई दिल्ली। प्रोविडेंट फंड (PF) का पैसा हर किसी के लिए बेहद अहम होता है। यह सिर्फ रिटायरमेंट फंड ही नहीं है, बल्कि इमरजेंसी के समय के लिए एक सहारा भी है। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) दुनिया के प्रमुख सार्वजनिक सामाजिक सुरक्षा संगठनों में से एक है। 65 मिलियन से ज्यादा मेंबर्स के साथ, पिछले साल ईपीएफओ ने 15.7 लाख करोड़ रुपये की संपत्ति का प्रबंधन किया था। लेकिन क्या एक वित्तीय वर्ष के लिए ब्याज तय होने के बाद क्रेडिट में देरी होती है?
क्या आपके EPF अकाउंट में ब्याज जमा नहीं हो रहा है?
वित्त मंत्रालय ने किया स्पष्ट
ईपीएफ ग्राहकों को घबराने की जरूरत नहीं है क्योंकि वित्त मंत्रालय ने कहा है कि ब्याज दर का कोई नुकसान नहीं हुआ है। सॉफ्टवेयर को अपग्रेड करने की वजह से पिछले वित्त वर्ष के लिए ब्याज जमा करने में देरी हुई है। मंत्रालय ने कहा कि सभी अंशधारकों और अपनी जमा राशि निकालने वालों को ब्याज सहित भुगतान किया जा रहा है।
इस संदर्भ में वित्त मंत्रालय ने ट्वीट किया कि, 'किसी भी ईपीएफ मेंबर को ब्याज का कोई नुकसान नहीं हुआ है। सभी ईपीएफ ग्राहकों के अकाउंट में ब्याज का पैसा डिपॉजिट किया जा रहा है। लेकिन कर्मचारी भविष्य निधि संगठन की ओर से लागू किए जा रहे एक सॉफ्टवेयर अपग्रेड की वजह से स्टेटमेंट में यह दिखाई नहीं दे रहा है।'
उल्लेखनीय है कि फाइनेंस मिनिस्ट्री ने ट्विटर हैंडल पर आईटी उद्योग के दिग्गज टी वी मोहनदास पई के एक ट्वीट के जवाब में यह जानकारी दी। दरअसल टी वी मोहनदास पई ने कर्मचारी भविष्य निधि जमा में ब्याज पर सवाल उठाया था। जवाब में मंत्रालय ने कहा कि निपटान की मांग करने वाले सभी निवर्तमान सदस्यों और निकासी की मांग करने वाले मेंबर्स को ब्याज सहित पेमेंट किया जा रहा है।
