Navratri 2025 : नवरात्रि भारतीय सांस्कृतिक परंपरा का एक महत्वपूर्ण पर्व है। इन नौ दिनों में देवी मां की पूजा नौ अलग-अलग रूपों में की जाती है। नवरात्रि के समय देशभर से श्रद्धालु देवी मंदिरों की यात्रा करते हैं और मां के दर्शन कर उनका आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। यदि आप नवरात्रि के दिनों में किसी विशेष यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो आज हम आपको देश के 5 सबसे प्रमुख देवी मंदिरों की यात्रा के बारे में बताने जा रहे हैं।
वैष्णो देवी मंदिर
जम्मू-कश्मीर राज्य के कटरा में त्रिकुटा पहाड़ियों में बना वैष्णो देवी मंदिर देश ही नहीं दुनिया भर में प्रसिद्ध है। यह मंदिर मां दुर्गा के वैष्णो देवी स्वरूप को समर्पित है। यह देश के सबसे लोकप्रिय देवी मंदिरों में से एक है। इस मंदिर तक पहुंचने के लिए भक्तों को लगभग 12-14 किमी की पैदल चढ़ाई करनी होती है। नवरात्रि में इस मंदिर में भक्तों की भीड़ देखने को मिलती है।
ज्वाला देवी मंदिर
हिमाचल प्रदेश राज्य के कांगड़ा जिले में बना ज्वाला देवी मंदिर आस्था का बड़ा केंद्र है। मां ज्वाला जी को समर्पित ये मंदिर देवी के 51 शक्तिपीठों में से एक माना जाता है। यहां आप बिना किसी तेल/ईंधन के अनवरत जलती ज्योति को देख सकते हैं। नवरात्रों में भक्त अपनी मनोकामना पूर्ति के लिए यहां दर्शन के लिए आते हैं।
कालिका मंदिर
पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में कालीघाट पर बने कालिका मंदिर को देवी के 51 शक्तिपीठों में गिना जाता है। ये मंदिर बंगाल के सबसे प्रमुख देवी मंदिरों में से एक है। यहां नवरात्रि में भक्तों की भीड़ देखने को मिलती है। इन दिनों यहां विशेष पूजा और भजन-कीर्तन का आयोजन किया जाता है।
मनसा देवी मंदिर
उत्तराखंड के हरिद्वार राज्य में बना मां मनसा देवी का मंदिर बेहद खास है। खास तौर पर मनोकामना पूर्ति के लिए पहचान रखने वाला ये मंदिर बेहद खास है। इस मंदिर पर जाने के लिए भक्तों को सीढ़ियां चढ़नी होती हैं।
कामाख्या मंदिर
असम की राजधानी गुवाहाटी में बना कामाख्या मंदिर देवी के प्रसिद्ध मंदिरों में से एक है। 51 शक्तिपीठों में शामिल ये मंदिर तंत्र साधना के लिए जाना जाता है। यहां नवरात्रि में भक्तों को मेला देखने को मिलता है।
