Indian Trains: भारतीय रेल की शान हैं ये स्पेशल ट्रेनें, मिलती हैं विदेशों वाली सुविधाएं, गजब है इनके नाम की कहानी, जानें कैसे हुई प्लानिंग

  • Authored by: Ritu raj
  • Updated May 28, 2024, 03:59 PM IST

How Trains Names are made or given in India: भारत सरकार द्वारा देशभर में कई ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है। इनमें कई प्रीमियम ट्रेन्स भी है जिनमें हर किसी का ट्रैवल करने का सपना होता है। देश की प्रीमियम ट्रेनों की बात की जाए तो इनमें राजधानी, शताब्दी, दुरंतो, तेजस, वंदे भारत और हमसफर का नाम शामिल है। लेकिन क्या कभी आपने ये सोचा है कि इन ट्रेनों का नाम कैसे रखा जाता है और क्या है इसके पीछे की वजह।

How Trains Names are made or given in India: भारतीय रेल एशिया का दूसरा और विश्व का चौथा सबसे बड़ा रेल नेटवर्क है। भारत में रोजाना ट्रेन से करोड़ों यात्री ट्रैवल करते हैं। भारतीय रेल देश की लाइफ लाइन मानी जाती है। सरकार यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए देश भर में कई ट्रेन्स चलाती है। इनमें कुछ प्रीमियम ट्रेन्स भी है, जिनसे सफर करना हर इंसान का सपना होता है। देश की प्रीमियम ट्रेनों में राजधानी, शताब्दी, वंदे भारत, हमसफर, दूरंतों, तेजस के नाम शामिल हैं। इन ट्रेनों का किराया बाकि ट्रेनों की तुलना में थोड़ा ज्यादा जरूर होता है लेकिन इनसे सफर करना अपने आपन में एक अलग अनुभव कराता है। आरामदायक सफर के लिए लोग राजधानी, शताब्दी, वंदे भारत, हमसफर, दूरंतों जैसी ट्रेनों से सफर करते हैं। लेकिन क्या कभी आपने ये सोचा है कि राजधानी, शताब्दी, वंदे भारत, हमसफर, दूरंतों जैसी ट्रेनों का संचालन सरकार ने क्यों शुरू किया और क्या है इन ट्रेनों के नाम के पीछे की वजह। आज इस आर्टिकल में हम आपको विस्तार से बताएंगे कि आखिर इन ट्रेनों को चलाने के पीछे की वजह क्या है और सरकार ने ऐसे नाम क्यों रखें।

How Trains Names are made or given in India

ट्रेनों के नाम कैसे तय किए जाते हैं

देशभर में भारत सरकार द्वारा लाखों ट्रेनों का संचालन किया जाता है। इनमें पैंसेज, एक्सप्रेस, सुपरफास्ट से लेकर प्रीमियम ट्रेन्स शामिल हैं। हर ट्रेन के कुछ नंबर और नाम होते हैं। ऐसे में ये बड़ा सवाल उठता है कि ट्रेनों के नाम और नंबर कैसे तय किए जाते हैं। बता दें कि ट्रेनें जहां से शुरू होती हैं और जहां तक जाती हैं,उसके आधार पर ट्रेनों के नाम तय किए जाते हैं। इसके अलावा लोकेशन और धार्मिक महत्व को भी ध्यान में रखा जाता है। वहीं खास जगहों पर विश्व धरोहर को ध्यान में रखा जाता है। आसान भाषा में समझाएं तो जैसे काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस। इस ट्रेन का नाम धार्मिक महत्व को ध्यान में रखते हुए रखा गया है। जैसे पटना एक्सप्रेस इस ट्रेन का नाम जगह को ध्यान में रखा गया है। ट्रेन के नाम इस तरह तय किए जाते हैं। नीचे जानें प्रीमियम ट्रेन्स के नाम की रोचक कहानी।

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