satellite communication and 6G internet in india: केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मंगलवार को इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2024 में शिरकत की। इस दौरान उन्होंने टेलीकॉम कंपनी एयरटेल के सेटेलाइट कम्युनिकेशन के माध्यम से आयोजित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सीमावर्ती क्षेत्रों में तैनात सैनिकों के साथ बातचीत की। इसके अलावा उन्होंने कहा कि 6G से संबंधित मानकों तथा नियमों से सभी के लिए समावेशिता और सामर्थ्य सुनिश्चित होना चाहिए।
Jyotiraditya Scindia
सेटेलाइट कम्युनिकेशन से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग
इंडिया मोबाइल कांग्रेस प्रदर्शनी में एयरटेल द्वारा सेटेलाइट कम्युनिकेशन के माध्यम से नागालैंड, अरुणाचल प्रदेश, उत्तराखंड, और हिमाचल प्रदेश के सीमावर्ती क्षेत्रों से जवानों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये जोड़ा गया था। इसमें करीब 14,000-18,000 फीट की ऊंचाई पर स्थित जवानों ने केंद्रीय मंत्री से बात की।
रोबोटिक डॉग से भी की बात
इसके अलावा उन्होंने 'इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2024' में प्रदर्शनी के दौरान एरिक्सन के 5जी-संचालित रोबोटिक डॉग 'रॉकी' से भी बातचीत की। यह रोबोटिक डॉग अधिकारियों को आग लगने जैसी आपातकालीन स्थितियों से निपटने में मदद कर सकता है। यह कठिन इलाकों में नेविगेट करने, सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए आग जैसे खतरों का पता लगाने में सक्षम है।
भारत में कैसा होगा 6G
सिंधिया ने कहा कि चूंकि 6जी के लिए मानक तय किए जा रहे हैं, इसलिए टेक्नोलॉजी तथा इंजीनियरिंग में अपनी सिद्ध क्षमताओं को देखते हुए भारत के पास जबरदस्त अवसर हैं। हमारे 6जी स्टैंडर्ड जो अभूतपूर्व गति, कम विलंबता और परिवर्तनकारी अनुप्रयोगों की विशेषता रखते हैं...सभी के लिए समावेशी, सुलभ व किफायती होने चाहिए और केवल तभी यह समग्र मानवता के वास्तविक मूल्य का प्रतिनिधित्व करेंगे। उन्होंने कहा कि दुनिया के करीब 31.7 प्रतिशत एसटीईएम स्नातक भारत से हैं। यह 6जी प्रौद्योगिकी का जीवंत समर्थक बनने का एक बड़ा अवसर प्रस्तुत करता है जो कृत्रिम मेधा (एआई), इंटरनेट ऑफ थिंग्स और मशीन लर्निंग के लिए दरवाजे खोलेगा...’’
इनपुट- आईएएनएस
