टेक्नोलॉजी की दुनिया में हर दिन कुछ न कुछ नया देखने को मिलता है। इस बीच दिग्गज कंपनी Meta ने अपने सालाना Connect Conference में AI और वियरेबल टेक्नोलॉजी को लेकर कई बड़े ऐलान किए हैं। कंपनी के CEO मार्क जुकरबर्ग ने बुधवार को एक नए VR डिवाइस Meta VR Glasses और एक छोटे हैंडहेल्ड डिवाइस Muse Charm को पेश किया।
मेटा के वीआर ग्लासेस में आपको कई सारे एडवांस फीचर्स मिलने वाले हैं।(फोटो क्रेडिट-Meta)
कंपनी का फोकस इन डिवाइस के जरिए लोगों की AI एजेंट्स तक पहुंच को और आसान बनाने पर है। खास बात यह है कि Muse Charm की मदद से यूजर्स को AI से बात करने के लिए बार-बार फोन अनलॉक करने या कोई ऐप खोलने की जरूरत नहीं होगी।
क्या है Muse Charm?
Muse Charm एक छोटा हैंडहेल्ड डिवाइस है, जिसे Meta के हाल ही में पेश किए गए Muse AI personal agent के साथ इस्तेमाल किया जाएगा। जुकरबर्ग ने स्टेज पर इस डिवाइस के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं दी। उन्होंने बताया कि यूजर सीधे Muse Charm से बात करके अपने Meta AI एजेंट से बातचीत कर सकेंगे। यानी अगर आपके पास फोन नहीं है या आप फोन निकालकर ऐप खोलना नहीं चाहते, तब भी आप इस छोटे डिवाइस के जरिए AI से बात कर पाएंगे।
कब तक आएगा Muse Charm?
Meta ने अभी Muse Charm की कीमत का खुलासा नहीं किया है। कंपनी के मुताबिक, इसके कुछ हार्डवेयर कंपोनेंट्स को अंतिम रूप दिया जा रहा है। Meta की प्लानिंग इसे दिसंबर 2026 की छुट्टियों के सीजन तक बाजार में लाने की है। हालांकि, कंपनी ने अभी इसकी लॉन्च डेट और कीमत की आधिकारिक जानकारी नहीं दी है।
जुकरबर्ग ने कहा कि इस छोटे से डिवाइस में काफी टेक्नोलॉजी दी गई है और चश्मा न पहनने वाले लोगों के लिए यह Muse AI से बात करने का काफी तेज तरीका होगा।
Meta VR Glasses की कीमत
Meta ने अपने नए Meta VR Glasses की कीमत $1,299 रखी है। ये डिवाइस 2027 के वसंत यानी Spring 2027 में बिक्री के लिए उपलब्ध होंगे। नए VR Glasses पुराने Quest ब्रांड वाले VR हेडसेट की तुलना में ज्यादा पतले और हल्के हैं। हालांकि, इनकी कीमत कंपनी के पिछले VR डिवाइस से काफी ज्यादा है। Meta ने इससे पहले 2024 में $299 का Quest 3S लॉन्च किया था। उसके बाद यह कंपनी का पहला नया VR डिवाइस है।
बिना कंट्रोलर के भी कर सकेंगे इस्तेमाल
Meta VR Glasses की खासियत सिर्फ इसका छोटा और हल्का डिजाइन नहीं है। इसमें ऐसे सेंसर दिए गए हैं जो यूजर की आंखों और हाथों की मूवमेंट को ट्रैक कर सकते हैं। इसका मतलब है कि कई कामों के लिए यूजर को अलग से कंट्रोलर पकड़ने की जरूरत नहीं पड़ेगी। आंखों और हाथों की गतिविधियों के जरिए डिवाइस को कंट्रोल करने का अनुभव ज्यादा आसान हो सकता है।बाहर से जुड़ा रहेगा एक छोटा कंप्यूटिंग डिवाइस
Meta VR Glasses को चलाने के लिए एक अलग external puck दिया गया है। इसमें Qualcomm का प्रोसेसर और बैटरी मौजूद है। यह छोटा डिवाइस एक मिनी-कंप्यूटर की तरह काम करेगा। इसके अलग होने से VR Glasses का वजन और आकार कम रखने में मदद मिली है।
पुराने Quest हेडसेट से बेहतर विजुअल्स
कंपनी के मुताबिक, नए Meta VR Glasses में पुराने Quest हेडसेट की तुलना में बेहतर विजुअल क्वालिटी मिलेगी। इसमें हाई-रिजॉल्यूशन डिस्प्ले के साथ आसपास की दुनिया को देखने की सुविधा भी दी गई है। Meta का कहना है कि इन फीचर्स के जरिए यूजर्स को ज्यादा इमर्सिव VR अनुभव मिलेगा।
Meta का VR और AI पर बढ़ता फोकस
Meta इन नए डिवाइस के जरिए AI को रोजमर्रा की जिंदगी में और ज्यादा आसानी से इस्तेमाल करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। एक तरफ VR Glasses को हल्का और ज्यादा एडवांस बनाया गया है, वहीं Muse Charm जैसे डिवाइस के जरिए AI एजेंट तक पहुंच को आसान करने की कोशिश की जा रही है। कंपनी के लिए अब AI सिर्फ फोन या कंप्यूटर तक सीमित नहीं है, बल्कि वियरेबल डिवाइस के जरिए इसे लोगों की रोजमर्रा की गतिविधियों का हिस्सा बनाने पर भी जोर दिया जा रहा है।
