Google Chrome Alert: यदि आप भी वेब इंटरनेट चलाने के लिए गूगल क्रोम का इस्तेमाल करते हैं तो आपको सावधान हो जाना चाहिए। भारत सरकार ने गूगल क्रोम के लिए अलर्ट जारी किया है। भारत की इंडियन कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पांस टीम यानी सर्ट-इन ने गूगल क्रोम 122.0.6261.11/2 से पहले के वर्जन में कई खामियों को उजागर किया है। इन खामियों का फायदा उठाया जा सकता है और यूजर्स को बड़ा खतरा हो सकता है।
Google Chrome Alert
क्या है अलर्ट?
सर्ट-इन ने अपने अलर्ट में कहा है कि गूगल क्रोम एक नई सुरक्षा भेद्यता की चपेट में आ गया है जो संभावित रूप से दुनिया भर में लाखों यूजर्स को प्रभावित कर सकता है। सीईआरटी-इन ने इसको उच्च गंभीरता चेतावनी में चिह्नित किया है। सीईआरटी-इन के अनुसार, विंडोज और मैक दोनों ऑपरेटिंग सिस्टम को इससे खतरा हो सकता है। क्रोम के 122.0.6261.11/2 से पहले के वर्जन पर यह खामियां मिली हैं।
सिस्टम हो सकता है क्रैश
सर्ट-इन ने गूगल क्रोम में कई कमजोरियां बताई गई हैं, जिनका उपयोग दूरस्थ हमलावर द्वारा मनमाना कोड एग्जीक्यूट करने या लक्षित सिस्टम पर सर्विस से इनकार (DoS) की स्थिति पैदा करने के लिए किया जा सकता है। ये खामियां गूगल क्रोम में “FedCM कंपोनेंट के भीतर यूज आफ्टर फ्री एरर” के कारण मौजूद हैं; V8 में आउट ऑफ बाउंड्स मेमोरी एक्सेस एंड इनएप्रोप्रिएट। ये खामियों का मैलिसियस कोड डालने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। यह सिस्टम को पूरी तरह से क्रैश करने में सक्षम है।
क्या है बचने का तरीका?
अच्छी खबर यह है कि गूगल ने पहले ही इन सुरक्षा खामियों को दूर करने के लिए अपडेट जारी कर दिया है। कंपनी ने एक अपडेट में कहा कि विंडोज और मैक के लिए नया गूगल क्रोम अपडेट 122.0.6261.111/.112 और लिनक्स के लिए 122.0.6261.111 आने वाले दिनों और हफ्तों में जारी किया जाएगा। यानी आपको जल्द से जल्द गूगल क्रोम को अपडेट कर लेना चाहिए।
