Commonwealth Games 2026: भारतीय जूडो दल को ग्लास्गो कॉमनवेल्थ गेम्स से पहले बड़ा झटका लगा है। 73 किग्रा वर्ग के खिलाड़ी अरुण कुमार को डोप टेस्ट में फेल होने के बाद टीम से बाहर कर दिया गया है। राष्ट्रीय डोपिंग रोधी एजेंसी (नाडा) ने अरुण को एनाबोलिक स्टेरॉयड के लिए पॉजिटिव पाए जाने पर अस्थाई तौर पर निलंबित कर दिया है। अरुण कुमार ने पिछले महीने चीन के किंगदाओ में ग्रां प्री में हिस्सा लिया था। प्रतियोगिता के इतर हुए डोप परीक्षण में उनका सैंपल पॉजिटिव आया। भारतीय जूडो महासंघ से जुड़े एक सूत्र ने पीटीआई को बताया, "निलंबन की अधिसूचना आ गई है। हमें उन्हें हटाना पड़ा।"
अरुण कुमार डोप टेस्ट में फेल (फोटो साभार- International judo federation)
एशियाई ओपन में जीता था गोल्ड
21 साल के अरुण ने पिछले साल ताइपे एशियाई ओपन में गोल्ड मेडल जीता था और उनसे ग्लास्गो में पदक की उम्मीद थी। जूडो दल अभी ग्लास्गो के लिए रवाना नहीं हुआ है। उनकी प्रतियोगिता 31 जुलाई से शुरू होगी और टीम 27 जुलाई को रवाना होने वाली है। भारत ने इस बार जूडो के लिए 14 सदस्यीय मजबूत टीम चुनी थी, जिसमें सात पुरुष और सात महिला खिलाड़ी थीं। अरुण के हटने के बाद अब टीम में 13 खिलाड़ी रह गए हैं। वहीं, पूरे भारतीय दल में खिलाड़ियों की संख्या 124 रह गई है। शुरुआत में 126 खिलाड़ियों का चयन हुआ था, लेकिन पैरा तैराक तेजस नंदकुमार को वर्गीकरण पात्रता पूरी नहीं कर पाने के कारण पहले ही हटाया जा चुका है।
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भारतीय खिलाड़ियों का रिकॉर्ड अच्छा
भारतीय जूडो खिलाड़ियों का कॉमनवेल्थ गेम्स में रिकॉर्ड अच्छा रहा है। बर्मिंघम 2022 में छह सदस्यीय टीम ने दो रजत और एक कांस्य समेत तीन पदक जीते थे। इस बार पिछले खेलों की रजत पदक विजेता तुलिका मान 78 किग्रा से अधिक वजन वर्ग में गोल्ड पर निशाना लगाएंगी। ग्लास्गो की तैयारी के लिए जूडो खिलाड़ियों ने 17 जुलाई तक जापान की साकुबा यूनिवर्सिटी में ट्रेनिंग की थी। अरुण के बाहर होने से 73 किग्रा वर्ग में भारत की चुनौती कमजोर पड़ी है। नाडा की अंतिम सुनवाई के बाद अरुण पर लंबा बैन भी लग सकता है।
