चटगांव: भारत के कार्यवाहक कप्तान केएल राहुल ने सोमवार को कहा कि सितारों के बिना खेल रही भारतीय टीम को अगर विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप फाइनल में जगह बनानी है तो उसे बांग्लादेश के खिलाफ बुधवार से शुरू हो रही दो टेस्ट मैचों की सीरीज में आक्रामक क्रिकेट खेलनी होगी। भारतीय टीम अपने तीन प्रमुख खिलाड़ियों नियमित कप्तान रोहित शर्मा, रविंद्र जडेजा और जसप्रीत बुमराह के बिना खेल रही है। ये सभी चोटों के कारण बाहर हैं।
शाकिब अल हसन और केएल राहुल ट्रॉफी के साथ
वनडे सीरीज पहले ही गंवा चुकी भारतीय टीम को विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप अंक तालिका में शीर्ष दो में रहने के लिये अगले छह टेस्ट (दो बांग्लादेश के खिलाफ और चार आस्ट्रेलिया के खिलाफ) में से पांच टेस्ट जीतने होंगे। भारतीय टीम इस समय 52.08 प्रतिशत अंकों के साथ चौथे स्थान पर है जबकि आस्ट्रेलिया 75 प्रतिशत अंक के साथ शीर्ष पर है और दक्षिण अफ्रीका 60 प्रतिशत अंक लेकर दूसरे स्थान पर है। श्रीलंका 64 प्रतिशत अंकों के साथ तीसरे स्थान पर है।
राहुल ने ट्रॉफी के अनावरण के दौरान प्रेस कांफ्रेंस में कहा, 'टेस्ट चैम्पियनशिप क्वालीफिकेशन के लिये हमें आक्रामक खेलना होगा। हमें पता है कि हम कहां है और फाइनल के लिये क्वालीफाई करने के लिये क्या करना है। हर दिन और हर सत्र में हम आकलन करेंगे कि सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिये क्या करना है।' सत्र की आखिरी विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप जून 2023 में लंदन में होगी।
राहुल ने कहा, 'हम पूर्वाग्रह के साथ नहीं उतरेंगे। हम आक्रामक और बेखौफ खेल दिखाकर नतीजा निकालने की कोशिश करेंगे। यह पांच दिन का मैच है और छोटे लक्ष्य लेकर उतरना जरूरी है। हर सत्र में अलग मांग होगी, लेकिन यह तय है कि हमें आक्रामक खेल दिखाना होगा।' इंग्लैंड के बल्लेबाजों के आक्रामक तेवरों की दुनिया भर में चर्चा हो रही है, लेकिन राहुल इसे लापरवाही के साथ बल्लेबाजी नहीं मानते।
उन्होंने कहा, 'मुझे नहीं लगता कि यह लापरवाह क्रिकेट है। वे सोच समझकर ऐसा खेल रहे हैं। उन्होंने अपने खिलाड़ियों का साथ दिया और खिलाड़ी टीम के लिये अच्छा काम कर रहे हैं। इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि आपने इसे कैसे किया। क्रिकेट बदल रहा है और इसका कोई पारंपरिक ढर्रा नहीं है कि इसे कैसे खेला जायेगा।'
