चेन्नई: क्रुणाल पांड्या की कप्तानी वाली लखनऊ सुपर जायंट्स को बुधवार को चेन्नई के चेपॉक स्टेडियम में एलिमिनेटर मुकाबले में पांच बार की चैंपियन मुंबई इंडियन्स के खिलाफ 81 रन के बड़े अंतर से हार का सामना करना पड़ा। लगातार दूसरे साल लखनऊ का खिताबी जीत का सपना एलिमिनेटर मुकाबले में हार के साथ टूट गया। मुंबई इंडियन्स ने मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 8 विकेट के नुकसान पर 182 रन का स्कोर खड़ा किया था। जिसके जवाब में लखनऊ की टीम 16.3 ओवर में महज 101 रन पर ढेर हो गई। आकाश मढ़वाल की कहर बरपाती गेंदों का सामना लखनऊ के बल्लेबाज नहीं कर सके। आकाश मढ़वाल ने 3.3 ओवर में 5 रन देकर 5 विकेट चटकाए और मैच में जीत के हीरो रहे।
क्रुणाल पांड्या(साभार IPL/BCCI)
मेरे खराब शॉट से हुई पतन की शुरुआत
लखनऊ की शर्मनाक हार के बाद टीम के कप्तान क्रुणाल पांड्या ने कहा, स्टैटजिक टाइम आउट तक हम 70 रन पर 2 विकेट के साथ मैच में अच्छी स्थिति में थे। टीम का बदहाली मेरे खराब शॉट खेलने के बाद शुरू हुई। इसलिए मैं हार की पूरी जिम्मेदारी लेता हूं। उस परिस्थिति में हमें थोड़ी बेहतर क्रिकेट खेलनी चाहिए थी।
पिच नहीं थी खराब, हमें करनी चाहिए थी अच्छी बल्लेबाजी
पिच के बारे में क्रुणाल ने कहा, पिच अच्छी थी उतनी खराब नहीं थी, गेंद बल्ले पर आसानी से आ रही थी। जैसा व्यवहार पिच का पहली पारी में था वैसा ही दूसरी पारी में भी रहा। हमें जीत के लिए थोड़ी बेहतर बल्लेबाजी करनी चाहिए थी। हम उस ब्रेक के बाद अच्छी बैटिंग नहीं कर सके।
मुश्किल था क्विंटन को बाहर रखने का निर्णय
क्लिंटन डिकॉक को प्लेइंग-11 में मौका नहीं दिए जाने के बारे में क्रुणाल ने कहा, क्विंटन एक शानदार खिलाड़ी हैं वो एक विश्वस्तरीय बल्लेबाज हैं। उन्हें टीम से बाहर रखना हमेशा एक मुश्किल निर्णय होता है। लेकिन काइल मायर्स का यहां बेहतर रिकॉर्ड था हमें ऐसा लगा कि वो उनसे बेहतर साबित होंगे। इसलिए उन्हें टीम में शामिल किया गया।
मुंबई के बल्लेबाजों को करना चाहते थे सरप्राइज
स्पिनर्स के साथ मैच में गेंदबाजी की शुरुआत करने के निर्णय के बारे में लखनऊ के कप्तान ने कहा, उनके बल्लेबाज तेज गेंदबाजों के खिलाफ अच्छी बल्लेबाजी करते हैं। इसलिए मुझे लगा कि हमें स्पिनर्स के साथ शुरूआत करनी चाहिए जो कि उनके लिए कुछ अलग हो और हम उसका फायदा उठा सकें। इस निर्णय के पीछे ये सोच थी।
