इंदौर: भारत के खिलाफ मौजूदा बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी में 0-2 से पिछड़ रही ऑस्ट्रेलियाई टीम 7 साल बाद भारतीय सरजमीं पर टेस्ट मैच जीतने के कगार पर पहुंच गई है। इंदौर टेस्ट के दूसरे दिन पहली पारी में 197 रन पर ढेर होने के बाद ऑस्ट्रेलिया ने भारत को 163 रन पर ढेर कर दिया। पुजारा के अलावा कहर बरपा रहे नाथन लॉयन का सामना और कोई भारतीय बल्लेबाज नहीं कर सका। लॉयन ने 64 रन देकर 8 विकेट चटकाए। पहली पारी में 88 रन से पिछड़ने के बाद टीम इंडिया ऑस्ट्रेलिया के सामने जीत के लिए केवल 76 रन का लक्ष्य रख सकी।
भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया
197 रन पर ढेर हुई ऑस्ट्रेलियाई टीम
दूसरे दिन के खेल की शुरुआत ऑस्ट्रेलिया ने 156 रन पर 4 विकेट के साथ की। शुरुआती एक घंटे तक भारतीय गेंदबाजों ने कसी हुई गेंदबाजी करते हुए ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को रन नहीं बनाने दिए। इसके बाद अश्विन ने जैसे ही हैंड्सकॉम्ब को शॉर्ट लेग पर श्रेयस अय्यर के हाथों लपकवाया। उसके बाद ऑस्ट्रेलिया के विकेट गिरने का सिलसिला नहीं रुका और पूरी टीम 197 रन पर ढेर हो गई। दूसरे दिन के छह विकटों में 3-3 अश्विन और उमेश यादव ने अपने नाम किए। जडेजा 4 विकेट लेकर सबसे सफल भारतीय गेंदबाज रहे।
भारतीय टीम का फिर हुआ बुराहाल
पहली पारी में 88 रन से पिछड़ने के बाद दोबारा बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम का हाल फिर बेहाल हो गया। शुभमन गिल के रूप में भारत के पहला झटका लगा। वो 5 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। इसके बाद बल्लेबाजी करने आए चेतेश्वर पुजारा ने एक छोर संभाला लेकिन दूसरे छोर से विकेट गिरने का सिलसिला शुरू हो गया। देखते देखते रोहित शर्मा(12), विराट कोहली(13), रवींद्र जडेजा(7) पवेलियन लौट गए। ऐसे में श्रेयस अय्यर ने थोड़ी देर पुजारा का साथ दिया और पांचवे विकेट के लिए 35 रन की साझेदारी करके भारत को 100 रन के पार पहुंचाया।
पुजारा डटे रहे पिच पर
लेकिन स्टार्क ने अय्यर को ख्वाजा के हाथों कैच कराकर इस साझेदारी को तोड़ दिया। इसके बाद दोबारा से विकेटों की पतझड़ शुरू हो गई। पुजारा ने अपने टेस्ट करियर का 35वां अर्धशतक पूरा किया लेकिन 59 रन बनाने के बाद वो शानदार तरीके से लेग स्लिप में स्टीव स्मिथ के हाथों लपके गए। अंत में अक्षर पटेल 15 रन बनाकर नाबाद रहे। लॉयन ने 8 विकेट अपने नाम किए और भारत में अपना दूसरा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया।
जीत के लिए ऑस्ट्रेलिया को बनाने हैं 76 रन
जीत के लिए तीसरे दिन ऑस्ट्रेलिया को 76 रन बनाने हैं। ऐसे में स्पिन के लिए मददगार विकेट पर ऐसा कर पाना स्टीव स्मिथ की कप्तानी वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम के लिए आसान नहीं होगा। जडेजा और अश्विन की फिरकी से पार पाकर की कंगारू जीत का गीत लिखने में सफल होंगे।
