वर्ल्ड कप क्वीलीफायर मुकाबले में श्रीलंका के लिए शनिवार का दिन अच्छा नहीं रहा। नीदरलैंड के खिलाफ मैच में उनके स्पिन गेंदबाज वानिंदु हसरंगा पर बेवजह आक्रामकता दिखाने के आरोप में आईसीसी ने फटकार लगाई। उन्हें आईसीसी कोड ऑफ कंडक्ट ब्रीच का दोषी पाया गया। आईसीसी द्वारा दी गई प्रतिक्रिया में कहा गया है 'हसरंगा को मैच के दौरान क्रिकेट उपकरण या कपड़े या ग्राउंड उपकरण संबंधित कोड का उल्लंघन करते हुए पाया गया था।
वानिंदु हसरंगा (साभार-Twitter)
दरअसल हसरंगा के आउट होने के बाद यह घटना घटी, जब पवेलियन लौटते समय उन्होंने आक्रामक अंदाज में अपने बल्ले से सीमा रेखा पर प्रहार किया।
इस आरोप के बाद हसरंगा के खाते में एक डिमेरिट प्वाइंट भी एड हो गया है जो 24 महीने के भीतर दूसरी बार हुआ है और अब उनके रिकॉर्ड में दो डिमेरिट प्वाइंट एड हो गए हैं। आपको बता दें लेवल-1 के इस आरोप में कम से कम आधिकारिक रुप से फटकार लगाई जाती है और अधिक से अधिक खिलाड़ी पर 50 प्रतिशत मैच फीस का जुर्माना लगाया जाता है।
24 महीने के भीतर यदि किसी खिलाड़ी को 4 डिमेरिट प्वाइंट मिलते हैं तो आईसीसी उन पर मैच का बैन भी लगाती है। यह बैन 1 टेस्ट मैच या फिर 2 वनडे या 2 टी20 का हो सकता है। फिलहाल हसरंगा के खाते में केवल 2 डिमेरिट प्वाइंट ही हैं।
