मुंबई के 163 रन के जवाब में दिल्ली कैपिटल्स के लिए एक बार फिर समीर रिजवी ने महत्वपूर्ण पारी खेली। इस सीजन लगातार दूसरा अर्धशतक जड़ते हुए समीर रिजवी ने दिल्ली को जीत दिलाई। रिजवी ने स्टार गेंदबाजों से सजी मुंबई के खिलाफ 51 गेंद पर ताबड़तोड़ 90 रन की मैच जिताऊ पारी खेली। रोमांचक जीत के बाद भी कप्तान अक्षर पटेल ने एक समस्या का जिक्र कर दिया।
अक्षर पटेल ने किसी समस्या का किया जिक्र। फोटो- BCCI/IPL
मैच जीतने के बाद प्रेजेंटेशन के दौरान बात करते हुए अक्षर पटेल ने एक बड़ी समस्या पर फैंस का ध्यान खींचा। उन्होंने कहा कि रिजवी और अशुतोष में चुनाव करना बड़ी समस्या है। क्योंकि दोनों ही खिलाड़ी मैच विनर हैं। अक्षर ने जोर देते हुए कहा कि टीम को जिस दिन जिस खिलाड़ी की जरूरत होती है वह प्लेइंग इलेवन का हिस्सा होता है।
'खुलकर खेलने वाले चाहिए खिलाड़ी'
मैच जीतने के बाद अक्षर पटेल ने कहा, टी20 क्रिकेट में लचीलापन बहुत जरूरी है। अगर आपको लगता है कि आपके पास ऐसे खिलाड़ी हैं जो खुलकर खेल सकते हैं और कहीं भी ढल सकते हैं, और जब पिच अलग तरह से व्यवहार करे, तो आप उन खिलाड़ियों का इस्तेमाल उसी हिसाब से कर सकते हैं। इसलिए यह खुले दिमाग से सोचने की बात है। किसी को ऊपर के क्रम में भेजने से सब कुछ अचानक नहीं बदल जाएगा।
'यह मेरे लिए अच्छी समस्या'
अक्षर ने आगे कहा, यह सिर्फ रणनीतिक चालें चलने की बात है और अगर वे काम करती हैं, तो करती हैं। जाहिर है, जब योजना बनती है, जब आप साथ में अभ्यास करते हैं और क्रिकेट खेलते हैं। आशु भी बहुत अच्छा खेल रहे हैं। लेकिन बात यह है कि आपको किसी खास दिन किस खिलाड़ी की जरूरत है। अगर वह खिलाड़ी उस समय आपके लिए अच्छा प्रदर्शन करता है, तो यह बहुत अच्छा है। मेरे लिए, यह एक अच्छी समस्या है कि मुझे चुनना पड़ता है। मुझे लगता है कि यह दिखाता है कि हमारी बेंच कितनी मजबूत है।
रिजवी को टीम प्रबंधन ने दिया आत्मविश्वास
आईपीएल 2026 जब शुरू हो रहा था, तब किसी ने भी समीर रिजवी को शुरुआती प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं दी थी। कारण भी स्पष्ट था क्योंकि दिल्ली कैपिटल्स के पास करुण नायर और आशुतोष शर्मा जैसे या तो अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट या फिर आईपीएल स्टार बल्लेबाज हैं। हालांकि दिल्ली टीम प्रबंधन ने रिजवी को यह भरोसा शुरू से ही दिया था कि वह ही उनके नंबर चार बल्लेबाज हैं। इस भरोसे से रिजवी को आत्मविश्वास मिला और वो अब उनके खेल में दिख रहा है।
