फीफा विश्व कप 2026 के दूसरे सेमीफाइनल में अर्जेंटीना ने 0-1 से पिछड़ने के बावजूद एक बार फिर अपने 'जादुई' कप्तान लियोनेल मेसी के दो शानदार असिस्ट के दम पर गोल किए और 2-1 से मुकाबला जीतकर लगातार दूसरी बार फाइनल में जगह बना ली है। वहीं, पहले सेमीफाइनल में फ्रांस को हराकर फाइनल में पहुंचने वाली स्पेन अब फाइनल मैच अर्जेंटीना को चुनौती देगी, जब दोनों टीमें न्यूयॉर्क-न्यू जर्सी स्टेडियम के मैदान पर उतरेंगी, तो इस मैच को एक सर्वकालिक महान खिलाड़ी और भविष्य के सुपरस्टार के बीच की टक्कर के तौर पर भी देखा जाएगा।
विश्व कप फाइनल से पहले मेसी और यमल का 2007 का फोटोशूट वायरल
दरअसल, एक तरफ होंगे अर्जेंटीना के 39 वर्षीय कप्तान लियोनेल मेसी, जो लगातार दो वर्ल्ड कप खिताब जीतने वाले पहले कप्तान बनने की कोशिश करेंगे। वहीं, दूसरी तरफ होंगे स्पेन के 19 वर्षीय खिलाड़ी लैमिन यमल। असल में, अपने-अपने देश के ये दोनों स्टार फुटबॉलर बार्सिलोना फुटबॉल क्लब की मशहूर 'ला मासिया' अकादमी के दो अलग-अलग दौर के सितारे रह चुके हैं।
दो शानदार खिलाड़ी और वो दिलचस्प संयोग
इन दोनों खिलाड़ियों की इस ऐतिहासिक टक्कर के पीछे एक गहरा और दिलचस्प संयोग छिपा है। जिस व्यक्ति ने लगभग 20 साल पहले एक प्लास्टिक टब में छह महीने के बच्चे को अजीब ढंग से नहलाया था, वही व्यक्ति आज दुनिया के फ़ुटबॉल के सबसे बड़े मंच पर उस बच्चे के रास्ते में खड़ा है। मामला 2007 का है जब कैंप नोउ के लॉकर रूम के शांत गलियारों में लियोनेल मेसी और लैमिन यमल के रास्ते एक-दूसरे से पहली बार टकराए थे।
स्थानीय कैटलन अखबार 'डायरियो स्पोर्ट' ने UNICEF के साथ मिलकर बार्सिलोना फुटबॉल क्लब के खिलाड़ियों के साथ एक सालाना चैरिटी कैलेंडर शूट का आयोजन किया था। स्पेन के मटारो में मजदूरों के इलाके 'रोका फोंडा' में हुई एक साधारण लॉटरी के जरिए, एक स्थानीय परिवार को अपने छह महीने के बच्चे को कैलेंडर में शामिल कराने का ज़िंदगी में एक बार मिलने वाला मौका मिला। वह बच्चा कोई और नहीं, बल्कि लैमिन यमल ही था।
जब पहली बार एक फ्रेम में आए मेस्सी और यमल
एसोसिएटेड प्रेस के फोटोग्राफर जोन मॉनफोर्ट को उस पल को कैमरे में कैद करने का काम सौंपा गया था। उन्होंने बड़ी-बड़ी आंखों वाले उस बच्चे को 20 साल के लियोनेल मेसी के साथ एक फ्रेम में कैद किया। मेसी तब स्पेनिश क्लब बार्सिलोना के लंबे बालों वाले उभरते हुए सुपरस्टार थे। फोटोशूट का आइडिया ये था कि मेसी बच्चे यामल को नहलाएं, जो एक दिल को छू लेने वाला पल था।
...और मेसी ने यमल को नहलाया
यमल की मां, शीला एबाना के प्रोत्साहन और मदद से, शर्मीले स्वभाव वाले मेसी ने यमल को नहलाते हुए थोड़ी हिचकिचाहट के साथ मुस्कुराहट दी। यह तस्वीर यादगार बन गई है। प्रशंसक इसे उस पल के तौर पर देखते हैं जब मेसी ने अनजाने में ही लैमिन यमल को 'बपतिस्मा' दिया था, और पानी के बुलबुलों के जरिए अपने बेमिसाल फ़ुटबॉल हुनर की एक झलक उनमें भी पहुंचा दी थी।
मेसी की राह पर आगे बढ़े यमल
बार्सिलोना की मशहूर 'ला मासिया' अकादमी में पले-बढ़े लैमिन यमल ने लियोनेल मेसी के खेल को बहुत बारीकी से समझा और सीखा। अपने 19वें जन्मदिन तक, इस स्पेनिश खिलाड़ी ने मेसी और क्रिस्टियानो रोनाल्डो के उसी उम्र के कुल गोल और असिस्ट के आंकड़ों को भी पीछे छोड़ दिया था। वह अपने क्लब और देश, दोनों के लिए ही एक अहम खिलाड़ी बन चुके थे।
अब फीफा विश्व कप फाइनल में आमने-सामने
जब यमल का जन्म हुआ था तब मेसी उससे पहले ही फीफा विश्व कप खेलने का अनुभव ले चुके थे। अब एक दौर बीत चुका है और 19 जुलाई 2026 को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दबदबा बनाने के लिए एक जबरदस्त और रणनीतिक मुकाबला होने जा रहा है। लेकिन जब लियोनेल मेसी और लैमिन यमल एक-दूसरे के आमने-सामने होंगे, तो ये 19 साल के एक शानदार सफर का समापन होगा। मेसी अपना अंतिम विश्व कप खेल रहे हैं और वो लगातार दूसरी ट्रॉफी जीतकर इतिहास रचने का प्रयास करेंगे, उस खिलाड़ी की टीम के खिलाफ जिस खिलाड़ी को साल 2007 में उन्होंने एक बच्चे के रूप में पहली बार देखा था और नहलाया था।
