Sunset, Moon Rise Time Today (सूर्यास्त और चांद निकलने का समय आज का): आज 13 जनवरी 2026, मंगलवार को लोहड़ी का पर्व धूमधाम से मनाया जा रहा है। सूर्यास्त के बाद लोहड़ी का पूजन और अग्नि प्रज्वलन किया जाता है। यह समय प्रदोष काल कहलाता है और लोहड़ी माता की पूजा इसी समय में होती है। इस दौरान अग्नि को साक्षी मानकर सुख-समृद्धि, अच्छी फसल और परिवार की खुशहाली की कामना की जाती है। लोहड़ी की अग्नि सूर्यास्त के बाद, शाम 5:45 बजे से 7:30 बजे के बीच जलाना शुभ माना जाता है। इसी दौरान लोग परिवार के साथ एकत्र होकर अग्नि में तिल, गुड़, मूंगफली, रेवड़ी और मक्का अर्पित करते हैं।
आज 13 जनवरी को सूर्यास्त और चांद निकलने का समय, लोहड़ी कब जलाएं
आज 13 जनवरी को सूर्यास्त और चांद निकलने का समय
| शहर | सूर्यास्त (Sunset) | चांद निकलने का समय (Moonrise) |
|---|---|---|
| नई दिल्ली | ~5:42 PM | ~12:45 AM (14 जनवरी) |
| नोएडा | ~5:42 PM | ~12:45 AM (14 जनवरी) |
| गाजियाबाद | ~5:42 PM | ~12:45 AM (14 जनवरी) |
| फरीदाबाद | ~5:42 PM | ~12:45 AM (14 जनवरी) |
| गुरुग्राम | ~5:42 PM | ~12:45 AM (14 जनवरी) |
| मेरठ | ~5:41 PM | ~12:40 AM (14 जनवरी) |
| हापुड़ | ~5:41 PM | ~12:40 AM (14 जनवरी) |
| पानीपत | ~5:43 PM | ~12:50 AM (14 जनवरी) |
| लखनऊ | ~5:38 PM | ~12:35 AM (14 जनवरी) |
| आगरा | ~5:37 PM | ~12:35 AM (14 जनवरी) |
| कानपुर | ~5:35 PM | ~12:30 AM (14 जनवरी) |
| जयपुर | ~5:36 PM | ~12:55 AM (14 जनवरी) |
| पटना | ~5:20 PM | ~12:25 AM (14 जनवरी) |
| चंडीगढ़ | ~5:43 PM | ~12:45 AM (14 जनवरी) |
| भोपाल | ~5:52 PM | ~12:40 AM (14 जनवरी) |
| इंदौर | ~5:53 PM | ~12:40 AM (14 जनवरी) |
| मुंबई | ~6:12 PM | ~12:20 AM (14 जनवरी) |
| पुणे | ~6:10 PM | ~12:20 AM (14 जनवरी) |
| अहमदाबाद | ~6:06 PM | ~12:25 AM (14 जनवरी) |
| सूरत | ~6:09 PM | ~12:25 AM (14 जनवरी) |
| वडोदरा | ~6:06 PM | ~12:25 AM (14 जनवरी) |
| कोलकाता | ~5:05 PM | ~12:15 AM (14 जनवरी) |
| चेन्नई | ~5:54 PM | ~12:20 AM (14 जनवरी) |
| बेंगलुरु | ~6:03 PM | ~12:25 AM (14 जनवरी) |
| हैदराबाद | ~5:53 PM | ~12:30 AM (14 जनवरी) |
| रायपुर | ~5:52 PM | ~12:35 AM (14 जनवरी) |
| भुवनेश्वर | ~5:13 PM | ~12:20 AM (14 जनवरी) |
| गुवाहाटी | ~5:01 PM | ~12:10 AM (14 जनवरी) |
| वाराणसी | ~5:26 PM | ~12:30 AM (14 जनवरी) |
| प्रयागराज | ~5:28 PM | ~12:30 AM (14 जनवरी) |
| कोच्चि (कोची) | ~6:06 PM | ~12:20 AM (14 जनवरी) |
| तिरुवनंतपुरम | ~6:07 PM | ~12:20 AM (14 जनवरी) |
| गोवा | ~6:11 PM | ~12:20 AM (14 जनवरी) |
| उदयपुर | ~5:36 PM | ~12:55 AM (14 जनवरी) |
आज 13 जनवरी 2026 को लोहड़ी कब जलानी है
- आज 13 जनवरी 2026 को सूर्यास्त: लगभग 5:40–5:45 PM
- आज 13 जनवरी 2026 को लोहड़ी जलाने का शुभ समय: 5:45 PM के बाद
- आज 13 जनवरी 2026 को लोहड़ी माता पूजन: प्रदोष काल (5:45–7:00 PM)
सूर्यास्त के तुरंत बाद लोहड़ी जलाना शुभ माना जाता है। लोहड़ी का पूजन सूर्यास्त और प्रदोष काल में किया जाता है। औसतन शाम 5:45 बजे से 7:30 बजे के बीच लोहड़ी की अग्नि प्रज्वलित की जाती है। हालांकि 8 से 9 बजे के बीच भी लोहड़ी जलाई जाती है।
FAQs
लोहड़ी किन लोगों के लिए खास होती है?
लोहड़ी नवविवाहित जोड़ों, नवजात शिशु के परिवार और नई शुरुआत करने वालों के लिए विशेष महत्व रखती है।
लोहड़ी पर क्या शुभ माना जाता है?
लोहड़ी पर अलाव जलाना, लोकगीत गाना, परिवार और मित्रों के साथ उत्सव मनाना, गरीबों को दान देना आदि शुभ माना जाता है।
लोहड़ी का संबंध दूल्हा भट्टी से क्यों है?
दूल्हा भट्टी को लोकनायक माना जाता है, जिन्होंने जरूरतमंद लड़कियों की मदद की थी। लोहड़ी के लोकगीतों में उनका नाम सम्मानपूर्वक लिया जाता है।
लोहड़ी की अग्नि में क्या डाला जाता है
लोहड़ी की अग्नि में तिल, गुड़, मूंगफली, रेवड़ी, पॉपकॉर्न और मक्के की बालियां डाली जाती हैं। इन्हें अग्नि में अर्पित कर समृद्धि, सुख और नकारात्मकता के त्याग की कामना की जाती है।
लोहड़ी के सुन्दर मुंदरिए गीत का इतिहास
सुन्दर मुंदरिए पंजाब का फेमस लोकगीत है, जिसे खासतौर से लोहड़ी पर्व के अवसर पर गाया जाता है। इसका इतिहास लोकपरंपरा से जुड़ा है। ये गीत मुगल काल (विशेषकर 16वीं शताब्दी) से जोड़ा जाता है। गीत में दुल्ला भट्टी का नाम आता है। दुल्ला भट्टी पंजाब के एक लोकनायक थे, जिन्हें पंजाब का रॉबिन हुड भी कहा जाता है। कहा जाता है कि दुल्ला भट्टी ने अत्याचारों से पीड़ित गरीब लड़कियों की रक्षा की, उनका कन्यादान किया और उन्हें सम्मानपूर्वक बसाया।
