Budh Gochar 2025: ज्योतिष शास्त्र में बुध को बुद्धि, वाणी, संवाद, व्यापार और तर्कशक्ति का कारक माना जाता है। इसके साथ ही इन्हें ग्रहों का राजकुमार भी कहा जाता है। आगामी 3 अक्टूबर 2025 की सुबह 3:47 पर बुध अपनी स्वराशि कन्या से निकलकर शुक्र की राशि तुला में गोचर कर जाएंगे। तुला में बुध का यह गोचर सभी 12 राशियों पर अलग-अलग प्रभाव डालेगा। यह गोचर 24 अक्टूबर तक प्रभावी रहेगा। इस दौरान तुला राशि में बुध का होना कम्युनिकेशन, बौद्धिक गतिविधियों और बिजनेस डिसीजन्स में स्पष्टता लाएगा। यह गोचर मित्र राशि में होने के कारण सामान्य रूप से शुभ प्रभाव देगा, क्योंकि शुक्र और बुध मित्र हैं। आइए जानते हैं कि वे खुशनसीब राशियां कौन सी हैं, जिनको इस गोचर से लाभ होगा?
कर्क राशि
कर्क राशि वालों के लिए बुध का यह गोचर आपके चौथे भाव को प्रभावित करेगा। यह भाव घर, भौतिक सुख और माता से संबंधित है। यह गोचर कर्क राशि वालों के लिए आर्थिक और पारिवारिक दृष्टिकोण से शुभ रहेगा। इस दौरान आपकी फाइनेंशियल कंडीशन काफी अच्छी हो जाएगी। इसके साथ ही पुराना रुका हुआ धन भी आपको प्राप्त होगा। कार्यक्षेत्र में आपकी कम्युनिकेशन स्किल की प्रशंसा होगी, जिससे सीनियर्स का सपोर्ट और नए प्रोजेक्टस में सफलता मिलने की पूरी संभावना है। परिवार में सुख-शांति का माहौल रहेगा, और आप अपनों के साथ क्वालिटी टाइम बिता पाएंगे। स्टूडेंट्स के लिए यह समय पढ़ाई में एकाग्रता बढ़ाने वाला होगा।
उपाय: बुधवार को गणेश जी की पूजा करें और हरे रंग के वस्त्र दान करें।
कन्या राशि
कन्या राशि, बुध की स्वराशि है। कन्या राशि वालों के लिए यह गोचर द्वितीय भाव को प्रभावित करेगा। यह भाव धन, वाणी और परिवार से संबंधित होता है। यह गोचर कन्या राशि वालों के लिए अत्यंत शुभ रहेगा। इससे आपकी वित्तीय स्थिति मजबूत होगी और धन कमाने के नए अवसर सामने आएंगे। व्यापार में वृद्धि के योग बनेंगे और नौकरीपेशा लोगों को तरक्की मिल सकती है। आपकी वाणी में आकर्षण बढ़ेगा, जिससे व्यापारिक सौदों और सामाजिक रिश्तों में लाभ होगा। स्टूडेंट्स के लिए यह समय प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता दिलाने वाला रहेगा। बौद्धिक कार्यों में आपकी रुचि बढ़ेगी और आप अपनी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू कर पाएंगे।
उपाय: बुधवार को हरे मूंग का दान करें और 'ॐ बुं बुधाय नमः' मंत्र का जाप करें।
तुला राशि
तुला राशि वालों के लिए बुध का गोचर लग्न भाव में होगा, जो व्यक्तित्व और आत्मविश्वास से संबंधित है। यह गोचर आपके लिए आत्मविश्वास और सामाजिक प्रतिष्ठा बढ़ाने वाला रहेगा। इस दौरान आप अपने विचारों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत कर पाएंगे, जिससे समाज में आपका मान-सम्मान बढ़ेगा। वैवाहिक जीवन में सुख और सामंजस्य रहेगा और अविवाहित लोगों के लिए विवाह के प्रस्ताव आ सकते हैं। कार्यक्षेत्र में आपकी बौद्धिक क्षमता और नेतृत्व कौशल की सराहना होगी। यह समय नई योजनाएं शुरू करने और रिश्तों को मजबूत करने के लिए अनुकूल रहेगा।
उपाय: बुधवार को गाय को हरा चारा खिलाएं और बुध यंत्र की पूजा करें।
वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि वालों के लिए बुध का गोचर 12वें भाव को प्रभावित करेगा। यह भाव व्यय, विदेश और आध्यात्मिकता से संबंधित होता है। यह गोचर आपके लिए आर्थिक दृष्टिकोण से लाभकारी रहेगा। इस दौरान आय के नए स्रोत खुलेंगे और विदेश से संबंधित व्यापार या नौकरी में सफलता मिलेगी। इस दौरान किए गए निवेश भविष्य में लाभ देंगे। आपका तनाव कम होगा और आप अपने लक्ष्यों पर ध्यान केंद्रित कर पाएंगे। आध्यात्मिक गतिविधियों में रुचि बढ़ेगी और मानसिक शांति का अनुभव होगा।
उपाय: बुधवार को हरे रंग की वस्तुओं का दान करें और गणेश अथर्वशीर्ष का पाठ करें।
कुंभ राशि
कुंभ राशि वालों के लिए बुध का गोचर नवम भाव को प्रभावित करेगा। यह भाव भाग्य, धर्म और लंबी यात्राओं से संबंधित है। यह गोचर कुंभ राशि वालों के लिए भाग्यवर्धक रहेगा। रुके हुए कार्य पूरे होंगे और आपको अपने प्रयासों में सफलता मिलेगी। विदेश से संबंधित कार्यों, जैसे नौकरी या व्यापार, में लाभ के योग बनेंगे। विदेश यात्रा के अवसर भी प्राप्त हो सकते हैं। इस दौरान आपकी आध्यात्मिक रुचि बढ़ेगी और धार्मिक कार्यों में मन लगेगा। मानसिक शांति और आत्मविश्वास में वृद्धि होगी।
उपाय: बुधवार को विष्णु सहस्रनाम का पाठ करें और तुलसी के पौधे की सेवा करें।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। Times Now Navbharat इसकी पुष्टि नहीं करता है।
