Maa Mundeshwari Mandir: बैंकॉक और थाईलैंड के फूलों से सजा मां मुंडेश्वरी का दरबार, भक्तों ने किए दिव्य और अलौकिक दर्शन

Maa Mundeshwari Mandir (मां मुंडेश्वरी मंदिर): मां मुंडेश्वरी धाम में इस बार नवरात्रि‍ की अष्टमी पर एक अद्वितीय दृश्य देखने को मिला, जब मंदिर को बैंकॉक और थाईलैंड से मंगाए गए 10 प्रकार के विदेशी फूलों से सजाया गया। इस अनुपम श्रृंगार ने श्रद्धालुओं को आकर्षित किया और लाखों भक्तों ने माता के दर्शन कर पूजन किया। ऐसे में चल‍िए जानते हैं बिहार के कैमुर जिले में स्थित इस मंदिर के बारे में।

Maa Mundeshwari Mandir (मां मुंडेश्वरी मंदिर): भारत के सबसे प्राचीन मंदिरों में से एक मां मुंडेश्वरी धाम, नवरात्रि के पावन अवसर पर श्रद्धा और भक्ति का केंद्र बन गया। विशेष रूप से अष्टमी की रात मंदिर को बैंकॉक और थाईलैंड से मंगवाए गए 10 प्रकार के सुंदर और सुगंधित फूलों से सजाया गया, जिसने भक्तों को मंत्रमुग्ध कर दिया। ये विदेशी फूलों की सजावट, मंदिर की दिव्यता और आकर्षण को और बढ़ा रही थी। मंदिर का कपाट प्रतिदिन सूर्योदय से सूर्यास्त तक खुलता है, लेकिन नवरात्रि के दौरान अष्टमी की रात ये विशेष रूप से पूरी रात खुला रहता है।

Maa Mundeshwari Mandir

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इस विशेष अवसर पर लाखों श्रद्धालु दूर-दराज से आकर माता के दरबार में हाजिरी लगाते हैं और अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए पूजन-अर्चन करते हैं। रात 12 बजे निशा पूजा का आयोजन होता है, जिसमें भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ती है। सुरक्षा की दृष्टि से प्रशासन ने पुख्ता इंतजाम किए थे। मंदिर के परिसर में मुंडेश्वरी मंदिर धार्मिक न्यास परिषद के सचिव अशोक कुमार सिंह तथा भभुआ डीएसपी शिव शंकर कुमार स्वयं मौजूद रहे। परिषद के अनुसार अब तक 50 हजार से अधिक श्रद्धालु दर्शन कर चुके थे, जबकि कई हजार लोग मंदिर की ओर प्रस्थान कर रहे थे। इस अनूठे आयोजन ने मां मुंडेश्वरी के पावन धाम की आस्था को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक नई पहचान दी है।

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मां मुंडेश्वरी मंदिर का महत्‍व (Maa Mundeshwari Mandir ka Mahatva)

मां मुंडेश्वरी मंदिर बिहार के कैमूर जिले में स्थित एक प्राचीन और प्रसिद्ध मंदिर है, जो अपनी अनोखी बलि प्रथा और चमत्कारी शिवलिंग के लिए जाना जाता है, साथ ही इसे भारत के सबसे पुराने मंदिरों में से एक माना जाता है। मान्यता है कि इस मंदिर के स्थान पर माता ने चंड-मुंड नामक असुरों का वध किया था, इस नाते ये स्‍थल मुंडेश्वरी माता के नाम से प्रसिद्ध है। नवरात्रि और रामनवमी के त्योहार मां मुंडेश्वरी के मंदिर में विशेष आकर्षण रखते हैं। मंदिर परिसर में विद्यमान शिलालेखों से इसकी ऐतिहासिकता प्रमाणित होती है। ये मंदिर अपनी अद्भुत वास्तुकला और प्राचीन इतिहास के लिए प्रसिद्ध है, और बिहार की संस्कृति और व्यंजनों का आनंद लेने के लिए भी एक अच्छा स्थान माना जाता है।

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