Ashadhi Ekadashi Bhajan: आषाढ़ी एकादशी पर सुनें भगवान विष्णु के ये सुपरहिट भजन

Ashadhi Ekadashi Songs, Devshayani Ekadashi Songs: आषाढ़ी एकादशी का दिन हिंदू धर्म के लोगों के लिए बेहद खास होता है। इस दिन भगवान विष्णु के भक्त व्रत रखकर विधि विधान पूजा करते हैं। साथ ही भगवान के भजनों को भी सुनते हैं। यहां देखिए आषाढ़ी एकादशी यानि देवशयनी एकादशी के सुपरहिट भजन।

Ashadhi Ekadashi Songs, Devshayani Ekadashi Songs: इस साल आषाढ़ शुक्ल पक्ष की आषाढ़ी एकादशी 17 जुलाई को मनाई जाएगी। इसे देवशयनी एकादशी के नाम से भी जाना जाता है। क्योंकि इस दिन से देवों का शयनकाल शुरू हो जाता है। इसके अलावा इसे पद्मा एकादशी और हरिशयनी आदि नामों से भी जाना जाता है। इस दिन भक्त श्री हरि विष्णु भगवान की विधि विधान पूजा करते हैं और उनके भजनों का आनंद लेते हैं। यहां हम आपको बताएंगे आषाढ़ी एकादशी के गानों के बारे में।

Ashadhi Ekadashi Songs

Ashadhi Ekadashi Songs

Ashadhi Ekadashi Songs Lyrics

  • हे विष्णु भगवान तुम्हारा ध्यान करें कल्याण,
  • जगत के तुम हो पालनहार करूँ मैं तुमको बारंबार,
  • हे विष्णु भगवान तुम्हारा ध्यान करें कल्याण,
  • जगत के तुम हो पालनहार करूँ मैं तुमको बारंबार,
  • नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते.....
  • तुम वेदों में उपदेश बने रामायण में संदेश बने,
  • रामायण में संदेश बने, रामायण में संदेश बने,
  • तुम तीन लोक के स्वामी हो अंतर क्या अंतर्यामी हो,
  • अंतर क्या अंतर्यामी हो, अंतर क्या अंतर्यामी हो,
  • विनती है तुमसे कि सबका करना तुम उद्धार,
  • तुम्हारे दशम् में दशम् अवतार करूँ मैं तुमको बारंबार,
  • नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते......
  • जो झुके तुम्हारे चरणन में, सुख भर ले अपने जीवन में,
  • सुख भर ले अपने जीवन में, सुख भर ले अपने जीवन में,
  • तुम पुण्य दान में रहते हो, तुम कथा ज्ञान में रहते हो,
  • तुम कथा ज्ञान में रहते हो, तुम कथा ज्ञान में रहते हो,
  • तुम से ही हर एक अर्चना होती है साकार,
  • तुम्हारा इस जग पे आभार करूं मैं तुमको बारंबार,
  • नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते.....
  • अमृत मंथन में रुप धरा, देवों में नव उत्साह भरा,
  • देवों में नव उत्साह भरा, देवों में नव उत्साह भरा,
  • तुम सृष्टि कार तुम पुण्य देव, तुम नारायण तुम सत्यमेव,
  • तुम नारायण तुम सत्यमेव, तुम नारायण तुम सत्यमेव,
  • सुख पावे वह प्राणी जो नित करता है सत्कार,
  • भगती की भक्ति का आधार करूं मैं तुमको बारंबार,
  • नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते, नमोस्तुते.....

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