How to make aate ka diya for Karwa Chauth: करवाचौथ पर पूजा की थाली सजाने से लेकर छलनी और करवे की तैयारी तक, महिलाएं हर छोटी चीज का खास ध्यान रखती हैं। इस दिन पूजा में दीया जलाने का भी विशेष महत्व है। कई घरों में मिट्टी के दीये के साथ आटे का दीया बनाने की परंपरा भी निभाई जाती है। गेहूं के आटे से बना यह दीया देखने में सुंदर लगता है और इसे घर पर आसानी से तैयार किया जा सकता है।
करवाचौथ पर आटे का दीया बनाने का तरीका, देखें आटे का दीपक कैसे बनाएं (AI Image)
अगर आप भी करवाचौथ की पूजा के लिए आटे का दीया बनाना चाहती हैं, तो इसके लिए ज्यादा सामान जुटाने की जरूरत नहीं है। आइए जानते हैं कि आटे का दीया बनाने के लिए क्या चाहिए, इसे कैसे बनाएं और किन बातों का ध्यान रखें।
आटे का दीया बनाने के लिए क्या-क्या चाहिए
आटे का दीया बनाने के लिए घर में मौजूद कुछ सामान्य चीजें ही काफी हैं। आप चाहें तो इसे अपनी पूजा की थाली के आकार के हिसाब से छोटा या बड़ा बना सकती हैं।
- 1 कप गेहूं का आटा
- जरूरत के अनुसार पानी
- एक चुटकी हल्दी (वैकल्पिक)
- थोड़ा सा घी या तेल
- रुई की बाती
- दीया जलाने के लिए घी या तेल
ध्यान रखें कि आटे में बहुत ज्यादा पानी न डालें। आटा इतना सख्त होना चाहिए कि उसे आसानी से आकार दिया जा सके और वह हाथों से चिपके नहीं।
करवाचौथ पर आटे का दीया बनाने का स्टेप बाय स्टेप तरीका
स्टेप 1: सबसे पहले आटा गूंथ लें
एक कटोरी में गेहूं का आटा लें। इसमें थोड़ा-थोड़ा पानी डालकर सख्त आटा गूंथ लें। ध्यान रहे कि आटा रोटी के आटे की तरह नरम न हो। सख्त आटा दीये को सही आकार देने में मदद करेगा।
स्टेप 2: आटे की छोटी लोई बनाएं
गूंथे हुए आटे से एक छोटी लोई तोड़ लें। इसे हथेलियों के बीच रखकर गोल करें। लोई का आकार इस बात पर निर्भर करेगा कि आप कितने बड़े दीये में बाती जलाना चाहती हैं।
स्टेप 3: दीये का आकार दें
अब लोई को हथेली पर रखकर अंगूठे की मदद से बीच में धीरे-धीरे दबाएं। इसके किनारों को हल्का ऊंचा रखें, ताकि दीये में घी या तेल भरा जा सके। नीचे का हिस्सा थोड़ा मोटा रखें, जिससे दीया आसानी से टूटे नहीं।
स्टेप 4: दीये की नोक बनाएं
दीये के एक किनारे को उंगलियों से हल्का खींचकर नुकीला आकार दें। इससे बाती रखने के लिए जगह बन जाएगी। आप चाहें तो उंगलियों से किनारों पर हल्का डिजाइन भी बना सकती हैं।
स्टेप 5: दीये को थोड़ा सूखने दें
आटे के दीये को कुछ देर खुली हवा में रख दें, ताकि उसका आकार थोड़ा स्थिर हो जाए। ध्यान रखें कि कच्चा आटा पूरी तरह सख्त नहीं होगा। इसलिए इसे उठाते और पूजा की थाली में रखते समय सावधानी बरतें।
स्टेप 6: घी और बाती डालें
अब दीये में थोड़ा घी या तेल डालें और रुई की बाती रखें। बाती का एक सिरा दीये की नोक की ओर रहे, ताकि उसे आसानी से जलाया जा सके। आपका आटे का दीया तैयार है।
आटे का दीया बनाते समय किन बातों का रखें ध्यान
- आटा गूंथते समय पानी कम डालें, ताकि दीया अपना आकार बनाए रखे।
- दीये के किनारे बहुत पतले न बनाएं, वरना वे आसानी से टूट सकते हैं।
- दीये को पूजा की थाली में रखने से पहले देखें कि उसका निचला हिस्सा समतल है या नहीं।
- घी या तेल भरते समय दीये को बहुत ज्यादा न भरें।
- जलते हुए दीये को पर्दों, कपड़ों और अन्य ज्वलनशील चीजों से दूर रखें। इसे हमेशा सुरक्षित, स्थिर सतह पर रखें और जलते दीये को बिना निगरानी के न छोड़ें।
करवाचौथ पर आटे का दीया क्यों बनाया जाता है
करवाचौथ पर महिलाएं पति की लंबी उम्र, अच्छे स्वास्थ्य और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना के साथ व्रत रखती हैं। इस अवसर पर पूजा की तैयारियों में दीये का विशेष स्थान होता है। कुछ परिवारों में आटे का दीया बनाने की परंपरा है, जबकि दूसरे परिवारों में मिट्टी या धातु के दीये इस्तेमाल किए जाते हैं।
