Happy Sakat Chauth Wishes Images in Sankranti 2025, सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं सन्देश: माता और उसके संतानों का रिश्ता संसार का सबसे पवित्र बंधन होता है। सकट चौथ का व्रत मूलतः महिलाओं के द्वारा घर की खुशहाली, पुत्र रत्न की प्राप्ति और संतान की लम्बी उम्र के लिए रखा जाता है। इस कठोर निर्जल व्रत में महिलाएं भगवान गणेश, सकट माता और चंद्र देव की भली-विधि से पूजा करती हैं और उनका आशीर्वाद वरदान के रूप में प्राप्त करती हैं। ये व्रत भारतीय प्राचीन संस्कृति के मुख्य व्रत-त्योहारों में से एक माना जाता है। भारत विविध धरोहरों और उत्सवों की भूमि है जहां पर हर धार्मिक अनुष्ठान धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व रखता है। ऐसे में अगर आप संस्कृत में इस पावन व्रत की शुभकामनाएं और विशेज की तलाश कर रहे हैं तो आप यहां पर सकट चौथ विशेज संस्कृत में देख सकते हैं और अपने परिजनों को भेज सकते हैं।
Sakat Chauth Wishes in Sanskrit (सकट चौथ विशेज संस्कृत में): यहां पर पढ़ें सकट चौथ विशेज संस्कृत में और सकट चौथ की शुभकामनाएं –
1. वक्रतुंड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ।
निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा।।
सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं
2. पार्वतीनन्दनं शम्भोरानन्दपरिवर्धनम् ।
भक्तानन्दकरं नित्यं मयूरेशं नमाम्यहम्।।
सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं
3. विघ्नेश्वराय वरदाय सुरप्रियाय लम्बोदराय सकलाय जगद्धितायं।
नागाननाय श्रुतियज्ञविभूषिताय गौरीसुताय गणनाथ नमो नमस्ते।।
सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं
4. गणपत्याः आशीर्वादः तव जीवनं स्वास्थ्ययुक्तं, स्फूर्तिपूर्णं च करोतु।।
सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं
5. मूषिकवाहन मोदकहस्त चामरकर्ण विलंबितसूत्र।
वामनरूप महेश्वरपुत्र विघ्नविनायक पाद नमस्ते॥
सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं
6. नमामि देवं सकलार्थदं तं सुवर्णवर्णं भुजगोपवीतम्ं।
गजाननं भास्करमेकदन्तं लम्बोदरं वारिभावसनं च॥
सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं
7. गजाननं भूतगणादिसेवितं कपित्थजम्बूफलचारु भक्षणम्ं।
उमासुतं शोकविनाशकारकं नमामि विघ्नेश्वरपादपङ्कजम्॥
सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं
8. रक्ष रक्ष गणाध्यक्ष रक्ष त्रैलोक्यरक्षकं।
भक्तानामभयं कर्ता त्राता भव भवार्णवात्॥
सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं
9. केयूरिणं हारकिरीटजुष्टं चतुर्भुजं पाशवराभयानिं।
सृणिं वहन्तं गणपं त्रिनेत्रं सचामरस्त्रीयुगलेन युक्तम्॥
सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं
10. गजाननाय महसे प्रत्यूहतिमिरच्छिदे।
अपारकरुणापूरतरङ्गितदृशे नमः॥
सकट चौथ 2025 की हार्दिक शुभकामनाएं
