Balakot Air Strike Fifth Anniversary: Balakot Air Strike एयर स्ट्राइक को आज 5 साल पूरे हो चुके हैं। आज ही के दिन यानी 26 फरवरी 2019 को पाकिस्तान के पख्तूनख्वां स्थित बालाकोट पर भारतीय वायुसेना (Indian Airforce) ने ताबड़तोड़ हमले कर आतंकियों को मार गिराया था। बालाकोट एयर स्ट्राइक की स्क्रिप्ट भी उसी दिन लिख ली गई थी जिस दिन पुलवामा में सेना के काफिले पर आतंकवादियों ने हमला किया था जिसमें 46 जवान शहीद हो गए थे। दरअसल, 14 फरवरी 2019 को जम्मू कश्मीर के पुलवामा (Pulwama Attack) में पाकिस्तानी आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (JeM) के आतंकी ने भारतीय सेना के काफिले पर हमला कर दिया था जिसमें 46 भारतीय सैनिक शहीद हो गए थे। इस हमले के बाद ही सेना ने पाक से बदला लेने की पूरी कहानी लिख दी थी और इसके बाद बालाकोट एयर स्ट्राइक की गई। ऐसे में यहां देखें बालाकोट एयरस्ट्राइक पर कुछ शायरी।
बालाकोट एयरस्ट्राइक पर पढ़ें देशभक्ति शायरी
1.दिलों की नफरत को निकालो,
वतन के इन दुश्मनों को मारो,
ये देश है खतरे में ए -मेरे -हमवतन,
भारत माँ के सम्मान को बचा लो!!
2.सीने में जूनून आंखों में देशभक्ति की चमक रखता हूं,
दुश्मन की सांस थम जाए आवाज में वो धमक रखता हूं।
तिरंगा है आन मेरी तिरंगा ही है शान मेरी,
तिरंगा रहे सदा ऊंचा हमारा तिरंगे से है धरती महान मेरी।
3.लिख रहा हूं मैं अंजाम जिसका कल आगाज आएगा,
मेरे लहू पर हर एक कतरा इंकलाब लाएगा।
दे सलामी इस तिरंगे को जिससे तेरी शान है,
सर हमेशा ऊंचा रखना इसका जब तक दिल में जान है।
एक दिया उनके भी नाम का रख लो पूजा की थाली में,
जिनकी सांसे थम गई है भारत मां की रखवाली में।
4.खुशनसीब है वह लोग जो वतन के काम आते हैं,
वतन पर मरकर भी यह लोग अमर हो जाते हैं।
सलाम करते हैं हम वतन पर मिटने वालों को,
उनकी वजह से ही हम चैन की सांस ले पाते हैं।
लड़े जंग वीरों की तरह जब खून खौल फौलाद हुआ,
मरते दम तक डटे रहे वो तभी ये देश आजाद हुआ।
5.नफरत बुरी है ना पालो इसे,
दिलों में खलिश है निकालो इसे।
ना मेरा ना तेरा ना इसका ना उसका,
यह वतन है सबका संभालो इसे।
6.यह बात हवाओं को बताए रखना,
रौशनी होगी चिरागों को जलाए रखना।
लहू देकर जिसकी हिफाजत हमने की,
ऐसे तरंगे को सदा दिल में बसाए रखना।
7.खूब बहती है अमन की गंगा बहने दो,
मत फैलाओ देश में दंगा रहने दो।
लाल हरे रंग में न बाटो हमको,
मेरी छत पर एक तिरंगा रहने दो।
मैं मर जाऊं तो मेरी एक अलग पहचान लिख देना,
लहू से मेरी पेशानी पर हिंदुस्तान लिख देना।
8.गूंजे कहीं पर शंख कहीं पर अजान है,
बाइबल है ग्रंथ साहब है गीता का ज्ञान है।
दुनिया में कहीं और यह मंजर नसीब नहीं,
दिखा दो दुनिया को कि यह हिंदुस्तान है।
तैरना है तो समुंदर में तहरो नदी नालों में क्या रखा है,
प्यार करना है तो वतन से करो इन बेवफा लोगों में क्या रखा है।
9.जो अब तक ना खौला वह खून नहीं पानी है,
जो देश के काम ना आए वह बेकार जवानी है।
मैं इस देश का सिपाही हूं मरते दम तक अपने देश के लिए लडूंगा,
जान बसती है मेरी इस देश की मिट्टी में जान देकर इसकी रक्षा करूंगा।
किसी गजरे की खुशबू को महकता छोड़ आया हूं,
मेरी नन्ही सी चिड़िया को चहकता छोड़ आया हूं।
मुझे छाती से अपनी तू लगा लेना है ऐ भारत मां,
मैं अपनी मां की बाहों को तरसता छोड़ आया हूं।
