समुद्री चक्रवात बिपरजॉय (Biparjoy) गुजरात के तट (Gujarat Coast) से टकरा चुका है, आपको बता दे कि एहतियात के तौर पर लगभग एक लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया गया है वहीं 76 से ज्यादा ट्रेनें रद्द की गई हैं, लोगों को घरों से बाहर ना निकलने की सलाह दी गई है। बहुत गंभीर चक्रवाती तूफान का रूप धारण कर चुका चक्रवात बिपरजॉय आज गुजरात के सौराष्ट्र एवं कच्छ और पाकिस्तान के कराची तट से टकराया। चक्रवात गुजरात के जखाऊ बंदरगाह पर सबसे पहले पहुंचा।
इस भीषण चक्रवात से ज्यादा नुकसान होने की आशंका है। इसे देखते हुए गजरात के तटवर्ती इलाकों से लोगों को निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया।
पेड़ टूटकर घरों पर गिर गए
गुजरात के कई शहरों में भारी नुकसान गुजरात के कई शहरों में बहुत तेज आंधी के साथ बारिश हो रही है। कई स्थानों में पेड़ उखड़ गए। पेड़ टूटकर घरों पर गिर गए। पेट्रोल पंपों को नुकसान पहुंचा है, गुजरात के गृह मंत्री समीक्षा कर रहे हैं।
गौर हो कि गुजरात के तट पर बिपरजॉय तूफान का लैंडफॉल शुरू हो गया है मौसम विभाग के अनुसार, सबसे पहले जखाऊ तट पर लैंडफॉल शुरू हुआ है। इसका असर 5 घंटे तक रहेगा और यह प्रक्रिया आधी रात तक जारी रहेगी। इस दौरान तूफान 15 किमी/घंटे की रफ्तार से आगे बढ़ रहा है।
बिपरजॉय 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आगे बढ़ रहा है
द्वारका में 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल रही है। इससे पेड़ों के साथ बिजली के खंभों को नुकसान के साथ मकानों को नुकसान पहुंचा है। वहीं द्वारका में सौ साल पुराना वृक्ष समेत 80 जितने पेड़ धराशायी हुई है, बिपरजॉय 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आगे बढ़ रहा है।
लैंडफॉल की यह प्रक्रिया आधी रात तक जारी रहेगी
IMD के मुताबिक इसके चलते भारी बारिश की संभावना है वहीं लैंडफॉल की यह प्रक्रिया आधी रात तक जारी रहेगी। चक्रवात से निपटने के लिए NDRF की 19 और SDRF की 12 टीमें तैनात हैं। कोस्टगार्ड के सभी स्टेशन अलर्ट मोड पर हैं।
सौराष्ट्र एवं कच्छ में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश
चक्रवात के आने से पहले सौराष्ट्र एवं कच्छ में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हुई है। मौसम विभाग ने राजस्थान, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, गोवा, कर्नाटक और केंद्र शासित प्रदेशों में बारिश होने का अनुमान जताया है।
