आजम खान की क्या रहेगी सियासी चाल, जेल से रिहाई के बाद किस ओर बढ़ेंगे कदम !

आज़म खान भले ही उत्तर प्रदेश की मुस्लिम सियासत का बड़ा चेहरा रहे हों, पर पूरे मुस्लिम तबके ने उन्हें अपना नेता कभी स्वीकार नहीं किया। सपा के भीतर भी मुस्लिम लीडरान से उनका छत्तीस का आंकड़ा किसी से छिपा नहीं रहा। आजम ने अपने कद के बराबर किसी मुस्लिम नेता को पनपने नहीं दिया जो उनके वर्चस्व को चुनौती दे पाए ।

Azam Khan News: आजम खान को आज सीतापुर जेल से रिहाई मिल गई। सीतापुर जेल में लगभग दो साल से आजम खान बंद थे । जेल से आने के बाद अब सबकी निगाहें आजम खान की सियासत पर टिक गई हैं। इसके पीछे वजह भी है दरअसल समाजवादी पार्टी के बड़े नेताओं के रवैए से आजम बहुत खुश नहीं हैं। लोकसभा चुनाव में पार्टी हाईकमान ने उनकी इच्छा को दरकिनार किया। जेल में उनके मिलने मिलाने में भी सपा नेताओं ने कोई उत्साह नहीं दिखाया। चर्चा है आजम खान इससे नाराज हैं।

azam khan

जेल से रिहा हुए सपा नेता आजम खान। तस्वीर-PTI

सपा से रिश्तों में आया ठंडापन

मुलायम सिंह यादव और अखिलेश यादव दोनों नेताओं के दौर में ही आज़म खान समाजवादी पार्टी के सबसे मज़बूत चेहरों में गिने जाते रहे। रामपुर सीट से लेकर प्रदेश की राजनीति तक, उनकी पकड़ बहुत मजबूत रही। आजम के जेल जाने से पहले तक कोई भी मुस्लिम नेता सपा में वो रुतबा हासिल नहीं कर पाया जो आजम खान को मिला। लेकिन पिछले कुछ सालों में हालात बदल गए है। कई घटनाएं ऐसी हुई जिसमें सपा हाईकमान से उनकी दूरी खुलकर सामने आई। टिकट बंटवारे और चुनावी रणनीति को लेकर मनमुटाव की चर्चा लगातार होती रही। यही वजह है कि जेल से बाहर आने के बाद सपा में उनकी भूमिका को लेकर अलग अलग तरह की बातें हो रही है।

End of Feed