West Bengal Governor Resignation: पश्चिम बंगाल के गवर्नर सीवी आनंद बोस ने इस्तीफा दे दिया है। विधानसभा चुनाव से पहले उनके इस कदम से हलचलें बढ़ गई हैं। उन्होंने इस्तीफा देने के बाद कहा, मैंने गवर्नर के ऑफिस में काफी समय बिताया' बता दें कि बोस ने वेस्ट बंगाल के गवर्नर के तौर पर साढ़े तीन साल के बाद इस्तीफा दिया है।
पश्चिम बंगाल के गवर्नर सीवी आनंद बोस ने दिया इस्तीफा
यह कदम राज्य में 2026 के असेंबली इलेक्शन से पहले उठाया गया है। वेस्ट बंगाल के गवर्नर सीवी आनंद बोस इस पद पर करीब साढ़े तीन साल तक रहे और अब अपने पद से इस्तीफा दे दिया।
17 नवंबर, 2022 को पश्चिम बंगाल के गवर्नर हुए थे नियुक्त
बोस को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने 17 नवंबर, 2022 को पश्चिम बंगाल का गवर्नर नियुक्त किया था। लोक भवन के एक अधिकारी के मुताबिक, पश्चिम बंगाल के गवर्नर सीवी आनंद बोस ने गुरुवार को दिल्ली में 3.5 साल ऑफिस में रहने के बाद इस्तीफा दे दिया।
पश्चिम बंगाल की CM ममता बनर्जी ने ट्वीट किया, 'पश्चिम बंगाल के गवर्नर सी. वी. आनंद बोस के इस्तीफ़े की अचानक आई खबर से मैं हैरान और बहुत परेशान हूं। उनके इस्तीफ़े के पीछे के कारण मुझे अभी पता नहीं हैं... केंद्रीय गृह मंत्री ने अभी मुझे बताया कि आर.एन. रवि को पश्चिम बंगाल का गवर्नर बनाया जा रहा है। उन्होंने इस बारे में तय रिवाज़ के मुताबिक मुझसे कभी सलाह नहीं ली। ऐसे काम भारत के संविधान की भावना को कमज़ोर करते हैं और हमारे फ़ेडरल स्ट्रक्चर की बुनियाद पर हमला करते हैं। केंद्र को कोऑपरेटिव फ़ेडरलिज़्म के सिद्धांतों का सम्मान करना चाहिए और ऐसे एकतरफ़ा फ़ैसले लेने से बचना चाहिए जो लोकतांत्रिक परंपराओं और राज्यों की गरिमा को नुकसान पहुंचाते हैं।'
कौन हैं सीवी आनंद बोस?
केरल के कोट्टायम ज़िले के मन्नानम में स्वतंत्रता सेनानी पीके वासुदेवन नायर के घर जन्मे 75 साल के बोस ने अपनी शुरुआती पढ़ाई मन्नानम के सेंट एफ़्रेम स्कूल में की और बाद में मन्नानम के ही कुरियाकोस एलियास कॉलेज और उसके बाद चंगनास्सेरी के सेंट बर्चमैन्स कॉलेज में पढ़ाई की। इसके बाद उन्होंने BITS पिलानी से Ph.D. की डिग्री ली।
उनका एक बेटा और एक बेटी है
आनंद बोस की शादी एलएस लक्ष्मी से हुई है और उनका एक बेटा और एक बेटी है। उनकी बेटी नंदिता बोस का 2017 में कैंसर से निधन हो गया था। उनके नाम 350 प्रकाशन हैं, जिनमें 70 पुस्तकें शामिल हैं, जिनमें मलयालम, हिंदी, अंग्रेजी और बंगाली में उपन्यास, लघु कथाएं और कविताएं शामिल हैं।
