Suvendu Adhikari Assembly Speech: पश्चिम बंगाल विधानसभा में बजट सत्र के दौरान राज्यपाल के अभिभाषण पर बोलते हुए मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला है। मंगलवार को सदन में अपने 57 मिनट के लंबे संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने साफ कर दिया कि उनकी सरकार राज्य में हुए भ्रष्टाचार के एक-एक पैसे का हिसाब लेगी।
'सबका साथ, सबका विकास के साथ अब होगा सबका हिसाब...', CM सुवेंदु अधिकारी ने ममता बनर्जी से कहा- आपका चैप्टर क्लोज (PTI)
विधानसभा में अपनी सरकार का विजन रखते हुए सीएम सुवेंदु अधिकारी ने कहा, 'हमारी सरकार का मूल मंत्र सिर्फ 'सबका साथ, सबका विकास' ही नहीं है, बल्कि अब इसके साथ 'सबका हिसाब' भी जोड़ा जाएगा। जनता ने आपको (तृणमूल कांग्रेस) सबक सिखा दिया है। हर क्रिया की एक समान और विपरीत प्रतिक्रिया होती है।' उन्होंने पूर्व सीएम पर सीधा निशाना साधते हुए कहा, 'अब आप कभी वापस नहीं लौटेंगी। आपका चैप्टर पूरी तरह क्लोज हो चुका है।'
सरकारी खजाने की लूट और भ्रष्टाचार के संगीन आरोप
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने पिछली तृणमूल सरकार के दौरान हुए कथित घोटालों की लंबी सूची सदन के सामने रखी। उन्होंने एक दस्तावेज दिखाते हुए दावा किया कि इस पर ममता बनर्जी के हस्ताक्षर हैं, जिसके जरिए बंगाल ग्लोबल बिजनेस समिट के नाम पर 'फिक्की' (FICCI) को ₹324.7 करोड़ ट्रांसफर किए गए। उन्होंने सवाल उठाया, 'क्या आप इस तरह जनता का पैसा किसी को दे सकते हैं?'
सीएम ने लक्ष्मी भंडार, उज्ज्वला योजना, वृद्धावस्था पेंशन, शिक्षाश्री, मेधाश्री, तपशली बंधु, जय जोहार, मनरेगा (MNREGA) और अल्पसंख्यक छात्रवृत्ति जैसी जनकल्याणकारी योजनाओं का जिक्र करते हुए पूछा कि आखिर आपने किसका पैसा लूटा?
भ्रष्टाचारियों की संपत्ति होगी कुर्क, आलीशान महलों में रहेंगे बेघर
भ्रष्टाचार के खिलाफ कड़ा रुख अख्तियार करते हुए मुख्यमंत्री ने एलान किया कि इसी विधानसभा सत्र में एक नया कानून (विधेयक) लाया जाएगा, जिसके तहत भ्रष्टाचार के दोषियों की संपत्तियों को कुर्क किया जाएगा और उनकी नीलामी की जाएगी।
ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी के आवासों पर निशाना साधते हुए सुवेंदु अधिकारी ने कहा, 'हरीश मुखर्जी रोड और हरीश चटर्जी स्ट्रीट पर बने उन आलीशान महलों में, हम उन गरीब लोगों को ठहराएंगे जो फ्लाईओवरों के नीचे और सड़कों पर रातें गुजारते हैं।'
दुबई भेजे जा रहे थे पैसे: माइनिंग राजस्व का दिया हवाला
मुख्यमंत्री ने तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी को भ्रष्टाचार का मुख्य केंद्र बताते हुए एक बड़ा आंकड़ा पेश किया। उन्होंने कहा, 'हमारी सरकार ने महज एक महीने में बीरभूम की पत्थर खदानों से ₹83 करोड़ का राजस्व कमाया है। इस हिसाब से सालभर में यह कमाई ₹1,200 करोड़ के आसपास होगी। जबकि पिछली सरकार इस सेक्टर से सालाना सिर्फ ₹60 करोड़ का राजस्व दिखाती थी। इसका सीधा मतलब है कि बाकी का सारा पैसा कामाक स्ट्रीट के रास्ते दुबई भेजा जा रहा था।' उन्होंने चुनाव से ठीक पहले एक पीएचई (PHE) ठेकेदार द्वारा आई-पैक (IPAC) को ₹10 करोड़ ट्रांसफर किए जाने का भी आरोप लगाया।
'मुझ पर 102 केस किए, खुद अपने ही बूथ पर चुनाव हार गईं'
सुवेंदु अधिकारी ने तृणमूल विधायकों को याद दिलाया कि कैसे अतीत में उनके साथ दुर्व्यवहार किया गया। उन्होंने कहा, 'आपने मुझे 5 बार सदन से निष्कासित किया, 11.5 महीने सदन से बाहर रखा। मुझ पर 102 मामले दर्ज किए गए। जब हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें खारिज कर दिया, तब भी मुझे चुनावी हलफनामे में 35 मामलों की घोषणा करनी पड़ी।'
ममता बनर्जी के जननेता होने के दावों पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि तृणमूल सुप्रीमो 2021 में नंदीग्राम से उनसे चुनाव हार गईं और हालिया चुनावों में भवानीपुर में भी वे अपने खुद के पोलिंग बूथ पर चुनाव हार गईं। जो नेता अपने ही बूथ पर हार जाए, उसे जननेता कैसे माना जा सकता है? आज वह सदन में भी मौजूद नहीं हैं, घर बैठकर मेरा भाषण सुन रही हैं।
उन्होंने अंत में लोकतांत्रिक मर्यादाओं का हवाला देते हुए कहा कि जब पूर्व सीएम ने धरने पर बैठने की इच्छा जताई, तो पुलिस ने मुझसे पूछा कि क्या करना है। मैंने कहा, 'उन्हें 'वाई चैनल' पर बैठने की अनुमति दें, वह जब तक चाहें वहां बैठ सकती हैं और रैलियां कर सकती हैं। लेकिन इसके बावजूद, वे सत्ता में वापस नहीं आने वाली हैं।'
