टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा पर आरोप लग रहे हैं कि उन्होंने पैसे लेकर संसद में अडाणी ग्रुप से जुड़े सवाल पूछे, आरोप लगाया जा रहा है कि ये सवाल पैसे लेकर किए गए हैं और इस सवालों के जरिए पीएम मोदी की छवि को बिगाड़ने की कोशिश की गई है। इन्हीं सवालों को लेकर जब टाइम्स नाऊ नवभारत की एडिटर-इन-चीफ नाविका कुमार ने बिजनेसमैन हीरानंदानी से सवाल किया तो उन्होंने कई सनसनीखेज खुलासे किए। हीरानंदानी ने ही महुआ के खिलाफ हलफनामा दिया है।
नाविका कुमार- मैं बिल्कुल सीधा ये सवाल करती हूं। क्या महुआ मोइत्रा गौतम अडानी को टारगेट कर रही थीं? और क्या ये सीधे-सीधे पीएम की इमेज खराब करने की कोशिश थी, क्योंकि दोनों एक ही राज्य से आते हैं? आप उनके संपर्क में रहे हैं। और आपने उन्हें सवाल भेजे हैं। क्या ये सच है कि 52 से 41 सवाल किसी खास वजह से अडानी को टारगेट करने के लिए थे?
दर्शन हीरानंदानी- नाविका मैं इसपर अपने एफिडेविड में जो कहा गया है उसपर तटस्थ हूं। पर मैं आपको ये कह सकता हूं कि उन्हें ये लगा कि मिस्टर अडानी को टारगेट करके वो पीएम को टारगेट कर सकती हैं। और ये अनुमान लगाया जा सकता है कि क्योंकि दोनों एक ही राज्य के हैं, इसलिए ऐसा किया गया।
नाविका कुमार- क्या आपकी उनसे इस बारे में बातचीत हुई?
दर्शन हीरानंदानी- वो एक पर्सनल फ्रेंड थीं और वो ऐसा ही सोचती थीं।
नाविका कुमार-क्या उन्होंने आपसे कभी ये बातचीत कि राहुल गांधी जैसे कांग्रेस के नेता भी अडानी ग्रुप को टारगेट करने के लिए उनके साथ काम कर रहे थे? क्या उन्होंने कभी आपको ये बताया?
दर्शन हीरानंदानी- ये मैंने अपने एफिडेविड में बताया है। इसके आगे मैं कुछ नहीं कहना चाहता।
नाविका कुमार- तो जो एफिडेविड में लिखा है आप उसपर कायम हैं, कि महुआ मोइत्रा ने इन नामों की बात की थी?
दर्शन हीरानंदानी- नाविका ये मेरा एफिडेविड है, और मैं इसपर कायम हूं।
नाविका कुमार- ये आपका खुद का कहना है। महुआ मोइत्रा की अक्सर विदेशी पत्रकारों, फाइनेंशियल टाइम्स, न्यूयॉर्क टाइम्स, बीबीसी और कई भारतीय पब्लिकेशन्स के साथ बातचीत होती थी। उन्हें कई ऐसे कई अनवैरिफाइड डिटेल्स ऐसे सोर्सेस से मिलते थे जो खुद को अडानी ग्रुप के पूर्व इम्प्लॉई बताते थे। क्या उन्होंने आपसे ये डिटेल्स साझा कीं?
दर्शन हीरानंदानी- हां, 100%
नाविका कुमार- वो विपक्षी राज्यों में आपको बिजनेस को मदद दे सकती थीं। क्या उन्होंने आपकी ऐसी कोई मदद की?
दर्शन हीरानंदानी- वो दूसरों से मेरे बारे में अच्छी बातें करती थीं।
