Shahjahanpur Crime News: अंधविश्वास में एक औरत ने हैवानियत की हदों को पार कर डाला। औलाद न होने पर उसने तांत्रिक के कहने पर एक बच्चे की हत्या कर दी। पड़ोस में रहने वाले उस मासूम के मर्डर के बाद महिला ने उसका खून पीया और फिर लाश को घर के बाहर फेंक दिया। मामले का खुलासा हुआ तो इलाके में सनसनी फैल गई। आरोपी औरत समेत तीन लोगों को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है।
तस्वीर का इस्तेमाल सिर्फ प्रस्तुतिकरण के लिए किया गया है। (क्रिएटिवः अभिषेक गुप्ता)
समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, यह मामला उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर का है। रिपोर्ट में सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता विनोद शुक्ला के हवाले से शुक्रवार (25 नवंबर, 2022) को बताया गया कि थाना रोजा के जम्मुका गांव में मामा मुनेंद्र के रहने वाली धन देवी के संतान नहीं हो रही थी।
आरोपी औरत इस बात से काफी परेशान थी। ऐसे में वह इस समस्या के हल के तांत्रिक के पास पहुंची, जिसने उसे सलाह दी कि वह एक बच्चे की हत्या कर उसका खून पीए। बाबा के कहने पर महिला ने पड़ोस में ही रहने वाले 10 साल के लाल दास को टीवी देखने के बहाने अपने घर बुलाया। फिर अपने दो साथियों सूरज व सुनील की मदद से उसकी गला दबाकर हत्या कर दी।
शुक्ला के अनुसार, आगे तांत्रिक के बताए तरीके के हिसाब से धन देवी ने लाल दास की लाश काट कर उसका खून पी लिया और मृतक के शव को घर के बाहर फेंक दिया। छह दिसंबर, 2017 को मृतक के पिता ने रोजा थाने में इस बाबत मामला दर्ज कराया और विवेचना के बाद पुलिस ने अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया था।
उन्होंने बताया कि इसी मामले में अपर सत्र न्यायालय तृतीय के न्यायाधीश एहसान हुसैन ने सभी पक्षों को सुनने के बाद धन देवी, सुनील और सूरत को आजीवन कारावास की सजा सुनाई तथा प्रत्येक आरोपी पर पांच-पांच हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। आरोपी धन देवी घटना के बाद से जेल में ही बंद है।
