उत्तर प्रदेश में आगरा नगर निगम ने ताज महल को एक करोड़ से अधिक रुपये का नोटिस भेजा है। नोटिस में गृहकर, जलकर और सीवर टैक्स आदि हैं। अधिकारियों के अनुसार, अकेले गृहकर के नाम पर करीब डेढ़ लाख रुपए का नोटिस पुरातत्व विभाग के अधिकारियों को भेजा गया है। नोटिस में 15 दिन के अंदर यह गृहकर जमा करने को कहा गया है।
यूपी के आगरा में ताज महल देश-दुनिया के पर्यटकों के लिए बड़ा आकर्षण का केंद्र है। (फाइल)
देश-दुनिया के पर्यटकों के बीच लंबे समय से आकर्षण का केंद्र रहने वाले ताह महल के 370 साल के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है कि उसे प्रॉपर्टी टैक्स और वॉटर बिल मिले हों। आर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया (एसएसआई) के अफसरों ने इन नोटिस और बिल को बड़ी चूक बताया है। कहा है कि ये गलती से पहुंच गए हैं और जल्द ही इनका जवाब दिया जाएगा।
इस बीच, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग, आगरा (एएसआई) के अधिकारियों के अनुसार, गृहकर का एक नोटिस एत्माद्दौला स्मारक को भी भेजा गया है। संरक्षित स्मारक एत्माद्दौला को यह नोटिस एत्माद्दौल फोरकोर्ट के नाम से भेजा गया है। इस संबंध में पूछे जाने पर भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग में अधीक्षक डॉ. राजकुमार पटेल ने बताया कि ताजमहल और एत्माद्दौला के संबंध में भेजे गये नोटिस का जवाब देकर स्थिति स्पष्ट की जाएगी।
Agra Nagar Nigam has sent notice to Archeological department to pay water (Rs 1.94 crores) and house tax (Rs 1.47… t.co/cIVfr1xoNo
— ANI (@ANI) Dec 19, 2022
उन्होंने कहा कि ताजमहल और एत्माद्दौला राष्ट्रीय स्मारक है और यह केंद्र और राज्य सरकार की संपत्ति हैं। उन्होंने संभावना जताई कि नगर निगम द्वारा कर गणना के लिये लगाई गयी एजेंसी की गलती से ऐसा हुआ होगा। पुरातत्व विभाग नगर निगम को जवाब भेजकर स्थिति स्पष्ट कर देगा। इस बाबत सहायक नगर आयुक्त सरिता सिंह ने बताया, “साईं कंस्ट्रक्शन कंपनी को गृह कर गणना की जिम्मेदारी दी गयी है। गूगल मैपिंग के चलते कुछ जगह गड़बड़ी पता चली है। इसकी जांच करायी जा रही है।” (पीटीआई-भाषा इनपुट्स के साथ)
