US- Iran War: अमेरका-ईरान सैन्य संघर्ष को लेकर विदेश मंत्रालय की ओर से अहम जानकारी दी गई है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने मीडिया से बातचीत करते हुए बताया कि क्षेत्र में चल रहे सैन्य संघर्ष के दौरान कुछ व्यापारी जहाजों (merchant vessels) को निशाना बनाया गया, जिसमें भारतीय नागरिक भी प्रभावित हुए। इस घटना में दो भारतीय की मौत हो गई है। वहीं, एक व्यक्ति लापता हैं, जिसकी तलाश जारी है।
युद्ध के बीच मर्चेंट जहाज पर हुए हमले में दो भारतीय की मौत।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत सरकार खाड़ी क्षेत्र में रह रहे भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और कल्याण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। भारतीय मिशन और संबंधित एजेंसियां लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं और प्रभावित परिवारों के संपर्क में हैं।
रणधीर जायसवाल ने आगे बताया "कुछ हताहतों की खबरें आई हैं। हमने दो भारतीय नागरिकों को खो दिया है और एक लापता है। ये तीनों भारतीय नागरिक या तो मारे गए हैं या लापता हैं। यह घटना तब हुई जब वे व्यापारिक जहाजों पर थे जिन पर हमला हुआ। जीसीसी क्षेत्र में घायल हुए कुछ भारतीयों का इलाज चल रहा है। हमारा दूतावास उनके संपर्क में है।"
सरकार ने शुरू की एक नियंत्रण प्रणाली
रणधीर जायसवाल ने आगे कहा, "विदेश मंत्रालय में हमने एक नियंत्रण प्रणाली शुरू की है जो कारगर ढंग से काम कर रही है। हमें भारतीय नागरिकों और उनके कल्याण के संबंध में बहुत सारे फोन कॉल आ रहे हैं और हम फोन करने वाले लोगों को मार्गदर्शन दे रहे हैं।"
फारस की खाड़ी में 28 जहाज मौजूद: शिपिंग मंत्रालय
शिपिंग मंत्रालय के अधिकारी राजेश कुमार सिन्हा ने कहा, "फारस की खाड़ी क्षेत्र में भारतीय ध्वज वाले 28 जहाज कार्यरत हैं। इनमें से 24 जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य के पश्चिम में हैं। इन जहाजों पर 677 नाविक सवार हैं। होर्मुज जलडमरूमध्य के पूर्व में चार जहाज हैं जिनमें 101 भारतीय नाविक सवार हैं।"
