महाकुंभ में मची भगदड़ से हुई मौतों पर रो पड़े महामंडलेश्वर प्रेमानंद पुरी, कह दी ये बात

Stampede in Mahakumbh: महाकुंभ-2025 में मची भगदड़ और मौतों पर बात करते हुए महामंडलेश्वर प्रेमानंद पुरी अचानक रो पड़े। उन्होंने कहा कि किसी बाप का बेटा चला गया, किसी का कोई। बहुत दुखद समाचार है ,मेरा मन बहुत व्यथित है।

Stampede in Mahakumbh: महाकुंभ में मौनी अमावस्‍या स्‍नान से पहले भगदड़ मचने से 10 लोगों की मौत हो गई है। घायलों को कुंभ क्षेत्र के सेक्टर 2 में बने अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दुखद घटना और भीड़ के चलते अमृत स्नान को भी रद्द कर दिया गया है। इस बीच हादसे की जानकारी होने पर पंचायती अखाड़ा श्री निरंजनी के महामंडलेश्वर प्रेमानंद पुरी अचानक रो पड़े। उन्होंने कहा कि हमने पहले ही कहा था कि महाकुंभ की सुरक्षा को सेना के हवाले किया जाए लेकिन किसी ने हमारी नहीं सुनी। प्रशासनिक व्यवस्था से महाकुंभ कलंकित हो गया। इतनी जनता आने के बाद ये पुलिस के संभालने का काम नहीं हैं। इसी का परिणाम है कि किसी बाप का बेटा चला गया, किसी का कोई। बहुत दुखद समाचार है ,मेरा मन बहुत व्यथित है। मैं अखाड़े में अपने साथियों से कहकर आया हूं कि आपलोग यहां से ये अनाउंस मत कीजिए कि ये सब हो गया है। आप धीरे-धीरे अपने भक्तों से अपने कैंपों में लौटने के लिए कहिए। क्योंकि इससे वहां भी भगदड़ मचने की आशंका है। महामंडलेश्वर प्रेमानंद पुरी ने आगे कहा कि अगर महाकुंभ सेना के हवाले किया जाता तो मुझे नहीं लगता कि इतना बड़ा हादसा होता। मुझे बहुत दुख है, बहुत ज्यादा दुख है।'

Stampede in Mahakumbh

भगदड़ से हुई मौतों पर रो पड़े महामंडलेश्वर प्रेमानंद पुरी

भारी भीड़ के कारण के कारण हुआ हादसा

इस बीच, पीएम मोदी ने प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ मेले की स्थिति की समीक्षा करने के लिए बुधवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से बात की। प्रधानमंत्री ने तत्काल सहायता उपाय करने का आह्वान किया। गृह मंत्री अमित शाह ने भी सीएम योगी से फोन पर बात की। महाकुंभ घटना की पूरी जानकारी ली। केंद्र सरकार की तरफ से हर तरह की मदद देने की बात कही गई है। इस बीच, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि गंगा के जो जिस घाट के समीप है, वहीं पर स्नान कर ले। संगम नोज की ओर जाने का प्रयास ना करे। सीएम योगी ने कहा कि स्नान के लिए कई घाट बनाये गए है। प्रशासन के निर्देश का अनुपालन करें, व्यवस्था बनाने में सहयोग करें, किसी भी अफवाह पर ध्यान ना दें।

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