Quad against Terrorism: ‘क्वाड’ देशों ने पिछले महीने दिल्ली में लाल किले के निकट हुई आतंकी घटना को अंजाम देने वालों, इसके मास्टरमाइंड और वित्त पोषकों को अदालत के कठघरे में लाने की मांग की है। इसके साथ ही उन्होंने संयुक्त राष्ट्र के सभी सदस्य देशों से इसमें सहयोग करने की अपील की। राजधानी दिल्ली में आयोजित दो दिवसीय क्वाड काउंटर टेररिज़्म वर्किंग ग्रुप की बैठक में सभी ने आतंकवाद के सभी रूपों, विशेषकर सीमापार आतंकवाद, को लेकर अपनी स्पष्ट और सख्त स्थिति दोहराई।
लाल किला आतंकी विस्फोट (फोटो: canva)
बैठक में, क्वाड सदस्य देशों ने हिंद-प्रशांत क्षेत्र के हालिया घटनाक्रम सहित आतंकवाद के खतरे के को लेकर गहन विचार-विमर्श किया। इस दौरान उन्होंने आतंकवाद-रोधी सहयोग के सम्पूर्ण आयाम तथा मौजूदा एवं उभरती चुनौतियों से निपटने के लिए अपनाए जा सकने वाले उपायों पर चर्चा की। साथ ही उन्होंने आतंकवादियों, आतंकवादी संगठनों और उनके प्रतिनिधियों के बारे में निरंतर सूचना साझा करने के महत्व पर भी जोर दिया।
साथ ही क्वाड ने यह सुनिश्चित करने के महत्व पर जोर दिया कि हिंद-प्रशांत क्षेत्र आतंकवाद के खतरों से मुक्त रहे। क्वाड ने बहुपक्षीय मंचों पर सहयोग को मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता की भी पुष्टि की।
लाल किला विस्फोट में हुई थी 15 लोगों की मौत
बता दें कि बीते महीने की 10 तारीख की शाम को लाल किले के पास एक सफेद रंग की हुंडई आई20 कार में भीषण धमाका हुआ था। इस घटना में 15 लोगों की मौत भी हो गई। केंद्र सरकार ने इस घटना को आतंकी हमला घोषित किया और जांच UAPA सहित कड़े कानूनों के तहत दर्ज हुई। फिलहाल इसकी जांच NIA, दिल्ली पुलिस कर रही हैं। इस विस्फोट में जैश-ए-मोहम्मद और अंसार गजवत-उल-हिंद से जुड़े एक 'सफेदपोश' आतंकी मॉड्यूल का खुलासा हुआ, जो कश्मीर, हरियाणा और उत्तर प्रदेश तक फैला हुआ था।
