Puri Jagannath Heritage Corridor Project: ओडिशा जगन्नाथ मंदिर विरासत गलियारा परियोजना पूरा हो चुका है। बुधवार को इसका उद्घाटन होना है। उद्घाटन से पहले ओडिशा समेत देशभर से बड़ी संख्या में श्रद्धालु समुद्र तटीय तीर्थ नगरी पुरी में उमड़ने लगे हैं। जगन्नाथ पुरी हेरिटेज कॉरिडोर की सामने आई फोटो में इसकी सुंदरता देखते ही बन रही है।
जगन्नाथ पुरी हेरिटेज कॉरिडोर उद्घाटन को तैयार
4000 करोड़ होने हैं खर्च
इस परियोजना के तहत 800 करोड़ रुपये की लागत से जगन्नाथ मंदिर की मेघनाद पचेरी (बाहरी दीवार) के चारों ओर विशाल गलियारों का निर्माण किया गया है और इससे श्रद्धालुओं को 12 वीं शताब्दी के मंदिर के सुव्यवस्थित तरीके से दर्शन करने में मदद मिलेगी। यह तीर्थयात्रियों को सुविधाएं भी प्रदान करेगा और मंदिर तथा भक्तों की सुरक्षा को मजबूत करेगा। एक अन्य अधिकारी ने कहा कि यह परियोजना पुरी को विश्व धरोहर शहर के रूप में बदलने के लिए 4,000 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली एक बड़ी पहल का एक हिस्सा है।
जगन्नाथ पुरी हेरिटेज कॉरिडोर
सीएम करेंगे उद्घाटन
मकर संक्रांति के दिन से शुरू हआ महायज्ञ मंगलवार को दूसरे दिन भी जारी रहा जिसका समापन बुधवार दोपहर को गजपति महाराजा दिब्य सिंह देब द्वारा दोपहर डेढ़ से ढाई बजे के बीच 'पूर्णाहुति' के साथ होगा। इसके तुरंत बाद मुख्यमंत्री नवीन पटनायक इस परियोजना को श्रद्धालुओं को समर्पित करेंगे।
जगन्नाथ मंदिर विरासत गलियारा परियोजना
चल रहा कार्यक्रम
12वीं सदी के जगन्नाथ मंदिर के अलग-अलग द्वारों पर ब्राह्मण और वैदिक विद्वान अलग-अलग वेद मंत्रों का जाप कर रहे हैं। सिंह द्वार (मुख्य प्रवेश द्वार) पर ऋग्वेद, दक्षिणी द्वार पर यजुर्वेद, पश्चिमी द्वार पर सामवेद और उत्तरी द्वार पर अथर्ववेद का जाप किया जाता है। इस उद्घाटन कार्यक्रम को देखने और भगवान जगन्नाथ के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर में उमड़ रहे हैं। 12वीं सदी के इस मंदिर में दर्शन के लिए श्रद्धालु सुबह से ही ग्रांड रोड पर कतार में लग गए।
