PM Modi Diwali in Bastar: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस बार दिवाली बस्तर में सुरक्षा बलों के साथ मनाई। छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले के करनपुर में सीआरपीएफ शिविर में पहुंचकर उन्होंने जवानों के साथ दिवाली मनाई और देश को बड़ा संदेश दिया। पीएम मोदी ने कहा, बस्तर में दिवाली... इसका पूरा श्रेय हमारे सुरक्षा बलों को जाता है। नक्सलवाद अब इतिहास बन चुका है। विकास ही आगे का रास्ता है। आज का दिन खास और यादगार रहा। पीएम मोदी ने कहा कि आज पूरा देश, दुनिया के कोने-कोने में करोड़ों भारतीय प्रकाश का पावन पर्व मना रहे हैं। दूर-दूर से लोग अपने घर पहुंच रहे हैं। परिवार और परिजनों के साथ मिलने का यह एक बड़ा महोत्सव होता है। मैं दिवाली मनाने आपके बीच पहुंचा हूं।
प्रधानमंत्री मोदी (फोटो साभार- PM Modi)
बस्तर में PM मोदी ने मनाई दिवाली
उन्होंने कहा कि माओवादी आतंक का खात्मा देश की सही नीतियों और मजबूत राजनीतिक इच्छाशक्ति की जीत है। बस्तर में माओवादी हिंसा के खिलाफ दशकों तक चली लड़ाई को याद करते हुए मोदी ने कहा कि यह लड़ाई आसान नहीं थी। एक समय लगभग 20 राज्यों के 230 से ज्यादा जिले वामपंथी उग्रवाद से प्रभावित थे। सूर्यास्त के बाद इन इलाकों में जीवन ठहर सा जाता था। हजारों गांव और करोड़ों लोग इससे प्रभावित थे। हर साल यहां लगभग दो हजार नक्सली हमले होते थे।
दंतेवाड़ा शहीदों को किया याद
पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, 2010 में यहीं पास में दंतेवाड़ा में नक्सलियों से मुठभेड़ में सीआरपीएफ के हमारे 76 सुरक्षाकर्मी शहीद हुए। एक अन्य घटना में 44 निर्दोष नागरिकों की हत्या हुई। यह धरती हमारे वीरों के रक्त से सन गई थी, लेकिन महलों में रहने वाले किसी भी नामदार की सिसकी नहीं सुनाई दी। किसी की आंखों से आंसू नहीं निकला। लगभग हर दिन कहीं न कहीं ऐसे हमले होते रहते थे। पीएम मोदी ने 'दिमागी नक्सली' पर भी बड़ा हमला बोला। उन्होंने कहा कि भले ही हथियारबंद माओवादियों का सफाया हो गया है, लेकिन नक्सलवाद का खतरा अभी टला नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि 'दिमागी नक्सली' राजनीतिक दलों सहित कई संगठनों में घुसपैठ कर चुके हैं और लोगों को संविधान तथा लोकतंत्र के खिलाफ भड़का रहे हैं।
'नक्सली खत्म हुए लेकिन खतरा अभी टला नहीं'
मोदी ने कहा, सफलताओं के बीच हमें एक बात याद रखनी है, नक्सली खत्म हुए हैं लेकिन खतरा अभी गया नहीं है। जंगलों से हथियार वाले नक्सली तो मिट गए, लेकिन दिमागी नक्सलियों ने कई संगठनों पर कब्जा कर रखा है। ये आज भी देश के संविधान और लोकतंत्र के खिलाफ लोगों को उकसा रहे हैं। कई राजनीतिक दलों में भी इन दिमागी नक्सलियों ने अपनी घुसपैठ कर ली है। हमें इन्हें पहचानना है, इन्हें परास्त करना है और देश को सुरक्षित करना है। पीएम ने कहा कि अब बस्तर में विकास की नई कहानी लिखी जा रही है। जहां कभी गोलियों की आवाज आती थी, वहां अब स्कूल, सड़क, अस्पताल और रोजगार की बात हो रही है। यही नए भारत की असली दिवाली है।
