Maharashtra Assembly Election 2024: महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव अपनी रंगत में आ चुका है। नेता अपनी-अपनी सीटों से नामांकन दाखिल कर रहे हैं। राज्य में कई सीटें ऐसी हैं जहां दिग्गज अपनी चुनावी किस्मत आजमा रहे हैं। इन हाई प्रोफाइल सीटों पर काफी रोचक और कांटे की टक्कर होने की उम्मीद जताई जा रही है। इन्हीं हॉट सीटों में मध्य मुंबई की माहिम सीट भी है। इस सीट पर तीन 'सेनाओं' के धुरंधर चुनाव मैदान में हैं। खास बात यह है कि इस सीट से ही महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) के सुप्रीमो राज ठाकरे के बेटे अमित ठाकरे अपनी चुनावी पारी का आगाज कर रहे हैं।
माहिम सीट से एमएनएस के उम्मीदवार हैं अमित ठाकरे।
सीट पर त्रिकोणीय मुकाबले की उम्मीद
माहिम सीट पर अमित का मुकाबला एकनाथ शिंदे की गुट वाली शिवसेना और उद्धव ठाकरे के नेतृत्ववाली शिवसेना (यूबीटी) के उम्मीदवारों से है। इसे देखते हुए इस सीट पर मुकाबला त्रिकोणीय माना जा रहा है। बात केवल चुनाव लड़ाई की नहीं बल्कि ठाकरे परिवार के बीच प्रतिष्ठा की भी है। माहिम सीट शिवसेना का गढ़ है और इसी इलाके में शिवाजी पार्क भी है। इसी पार्क में 58 साल पहले एक पार्टी के रूप में शिवसेना का जन्म हुआ। राज, उद्धव और सीएम एकनाथ शिंदे से यह सीट भावनात्मक रूप से जुड़ी हुई है।
माहिम में मराठी वोटर सबसे ज्यादा
माहिम निर्वाचन क्षेत्र प्रभादेवी से शिवाजी पार्क और माहिम तक फैला हुआ है। इस क्षेत्र में मराठी वोटरों की संख्या सबसे ज्यादा है। इलाके में अल्पसंख्यक वोट भी हैं। बीते विधानसभा चुनावों की अगर बात करें तो इस सीट पर शिवसेना का दबदबा रहा है। 2014 और 2019 के चुनाव में इस सीट से अविभाजित शिवसेना के सदा सरवांकर विजयी हुए। खास बात यह है कि 2009 के विधानसभा चुनाव में इस सीट पर एमएनएस विजयी हुई। इस चुनाव में राज ठाकरे को लोगों की सहानुभूति का लाभ मिला।
चुनाव लड़ने वाले ठाकरे परिवार के दूसरे सदस्य हैं अमित
माना जा रहा है कि इसी को ध्यान में रखते हुए राज ठाकरे ने इस बार इस सीट से अपने 32 साल के बेटे अमित को चुनावी अखाड़े में उतारा है। अमित चुनाव लड़ने वाले ठाकरे परिवार की तीसरी पीढ़ी के दूसरे सदस्य हैं। इनके चचेरे भाई और उद्धव ठाकरे के बेटे आदित्य ठाकरे वर्ली सीट से 2019 का विधानसभा चुनाव लड़ चुके हैं, इस चुनाव में उन्हें जीत मिली। एक बार फिर से वह वर्ली सीट से मैदान में हैं।
उद्धव शिवसेना ने महेश सांवत को बनाया उम्मीदवार
इस सीट पर एकनाथ वाली शिवसेना ने सारवंकर को अपना उम्मीदवार बनाया है। जबकि उद्धव ठाकरे ने स्थानीय विभाग प्रमुख महेश सावंत को टिकट दिया है। इससे यह सीट त्रिकोणीय मुकाबले वाली हो गई है। माना जा रहा है कि इससे अमित की चुनावी राह आसान नहीं है। सारवंकर इलाके के जाने-माने नेता हैं और इस सीट पर उनकी अच्छी पकड़ है। जून 2022 में एकनाथ ने जब बगावत की तो वह भी शिंदे के साथ आ गए। महेश सावंत शिवसेना के स्थानीय कार्यकर्ताओं में काफी लोकप्रिय हैं। तो वहीं राज ठाकरे शिवाजी पार्क के पास रहते हैं। इलाके में एमएनएस का दबदबा भी है। बावजूद इसके इस सीट पर मुकाबला किसी उम्मीदवार के पक्ष में नहीं है।
