Emanuel Macron : फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों तीन दिनों की अपनी भारत यात्रा पूरी कर स्वदेश रवाना हो गए हैं। मैक्रों ने अपनी इस यात्रा को यादगार बताते है। उन्होंने अपने इस दौरे की झलकियां दिखाने वाला एक वीडियो पोस्ट किया। इस वीडियो में बैकग्राउंड म्यूजिक फिल्म 'धुरंधर' का सुनाई पड़ रहा है। वीडियो में मैक्रों के मुंबई पहुंचने से लेकर दिल्ली के एआई समिट तक के यादगार लम्हों को समेटा गया है। इस वीडियो के साथ मैक्रों ने लिखा है-'थैंक यू इंडिया'। एयरपोर्ट पर मैक्रों ने कई बार हाथ जोड़कर लोगों का अभिवादन किया। मैक्रों गुरुवार को दिल्ली में चल रहे इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट में शरीक हुए।
तीन दिन की यात्रा पर भारत आए थे मैक्रों।
एआई पर भारत के साथ मिलकर काम करेंगे
फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने बृहस्पतिवार को कहा कि भारत और फ्रांस मिलकर कृत्रिम बुद्धिमत्ता के लिए एक ढांचा तैयार करने पर काम करेंगे जिसमें नवाचार को जिम्मेदारी के साथ और प्रौद्योगिकी को मानवता के साथ जोड़ा जाएगा। मैक्रों ने कहा कि बढ़ते भू-राजनीतिक तनावों के बीच सभी डिजिटल उपकरणों को समावेशी दृष्टिकोण की तरफ निर्देशित करने की आवश्यकता बढ़ती जा रही है। यहां ’एआई इम्पैक्ट समिट’ में अपने संबोधन में मैक्रों ने कहा कि फ्रांस और भारत ’संप्रभु एआई’ विकसित करने के लिए एक साझा दृष्टिकोण रखते हैं, जिसका उद्देश्य पृथ्वी की रक्षा करना और सभी के लिए समृद्धि को बढ़ावा देना है।
एआई से अफ्रीकी महाद्वीप में आएगी मजबूती
उन्होंने कहा, 'ऐसे समय में जब तनाव बढ़ रहा है, हमारे सभी डिजिटल उपकरणों को इस समावेशी दृष्टिकोण की तरफ निर्देशित करने की आवश्यकता और भी बढ़ गई है। वास्तव में, ऐसा करने से न केवल भारत में बल्कि अफ्रीकी महाद्वीप में भी मजबूती आएगी।’ उन्होंने कहा, 'आइए मिलकर विभाजन के बजाय सेतु बनाने, विनाश के बजाय सृजन करने और लेने के बजाय साझा करने पर ध्यान केंद्रित करें। फ्रांस जी7 की अपनी अध्यक्षता का उपयोग इस दृष्टिकोण को बढ़ावा देने के लिए करेगा।’
सोशले मीडिया पर प्रतिबंध लगाने की तैयारी-मैक्रों
मैक्रों ने कहा कि जी7 के वर्तमान अध्यक्ष के रूप में फ्रांस बच्चों को एआई और डिजिटल दुर्व्यवहार की चपेट में आने से बचाने के लिए काम करेगा। उन्होंने कहा, 'इसीलिए फ्रांस में हम 15 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल नेटवर्क पर प्रतिबंध लगाने की प्रक्रिया शुरू कर रहे हैं। हम आज यहां मौजूद कुछ यूरोपीय देशों के साथ इस दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रतिबद्ध हैं जिनमें ग्रीस और स्पेन शामिल हैं।’ उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को संबोधित करते हुए कहा, 'मुझे पता है, प्रधानमंत्री जी, आप भी इस क्लब में शामिल होंगे। यह बहुत अच्छी खबर है कि भारत बच्चों और किशोरों की सुरक्षा के लिए इस तरह का कदम उठाएगा। हम अपने युवा नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने को तैयार हैं।’
