Arvind Kejriwal Social Media Account: आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने गुरुवार को दावा किया कि मेटा (Meta) पर उनका सोशल मीडिया अकाउंट भारत में बैन/प्रतिबंधित कर दिया गया है। केजरीवाल ने इस कार्रवाई को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट के जरिए अपनी बात रखी और मेटा कंपनी से इसके पीछे की वजह स्पष्ट करने की मांग की।
केजरीवाल का दावा, मेरा सोशल मीडिया अकाउंट प्रतिबंधित
मेटा दफ्तर से नहीं मिला कोई जवाब
अरविंद केजरीवाल ने X पर लिखा कि जब उनकी टीम ने मेटा के भारत स्थित कार्यालय से इस संबंध में पूछताछ की, तो पता चला कि उनका अकाउंट भारत में अनुपलब्ध कर दिया गया है। केजरीवाल का आरोप है कि कंपनी के अधिकारियों ने प्रतिबंध का न तो कोई कारण बताया और न ही यह स्पष्ट किया कि इस प्रतिबंध को कैसे हटाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि उनके द्वारा भेजे गए ईमेल के जवाब में केवल औपचारिक जवाब ही मिला है।
स्क्रीनशॉट किया साझा
अपनी बात के प्रमाण के रूप में केजरीवाल ने अपने अकाउंट स्टेटस पेज का एक स्क्रीनशॉट भी शेयर किया, जिसमें "Unavailable in some locations" (कुछ स्थानों पर अनुपलब्ध) का संदेश लिखा दिखाई दे रहा है।
मेटा की सेवा पर सवाल और पीएम पर निशाना
कंपनी की ओर से किसी स्पष्ट प्रतिक्रिया के न मिलने पर केजरीवाल ने इसे बेहद खराब सेवा करार दिया। इसके साथ ही उन्होंने तंज कसते हुए लिखा, "प्रधानमंत्री के आगे मत झुको, वरना वह भारत में तुम्हें सिर्फ अपना ही अकाउंट चलाने देंगे।" इस पूरे घटनाक्रम और केजरीवाल द्वारा लगाए गए आरोपों पर खबर लिखे जाने तक मेटा की ओर से कोई आधिकारिक बयान या प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी।
पीएम मोदी मामले में मेटा ने मांगी माफी
हाल ही में मेटा तब विवादों में आई जब उसने जेन-जी से जुड़ा पीएम मोदी का वीडियो कुछ घंटे के लिए रोक दिया था। इसे लेकर भारत में जबरदस्त हंगामा हुआ और मामला संसद की स्थायी समिति तक भी पहुंचा। भारी विवाद के बाद मेटा ने पीएम मोदी के वीडियो हटाए जाने के मामले में माफी मांगी। मेटा के चीफ ग्लोबल अफेयर्स ऑफिसर जोएल कैपलान ने कहा कि पीएम मोदी की पोस्ट संबंधी गलती के लिए मैंने मेटा की तरफ से मंत्री से माफी मांगी है। दरअसल, पीएम मोदी की वीडियो को लेकर संसद की स्थायी समिति ने मार्क जुकरबर्ग से माफी की मांग की थी। संसद की एक स्थायी समिति ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक वीडियो फेसबुक से हटाए जाने के मामले में बुधवार को मेटा के प्रमुख मार्क जुकरबर्ग को माफी मांगने के लिए तीन दिन का समय दिया और ऐसा नहीं होने पर उन्हें प्राप्त छूट वापस लेने की चेतावनी दी।
