Jodhpur LPG Blast: जोधपुर सिलेंडर ब्लास्ट में मृतकों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। बृहस्पतिवार को परिवार में मृतकों की संख्या 28 पहुंच गई। शादी समारोह में हुआ यह हादसा इतना भयानक था कि एक हफ्ते के बाद भी कई घायलों की स्थिति नाजुक बनी हुई है। यह हादसा दुखदायी होने के साथ ही सबक भी है। ऐसे में न केवल शादी और दूसरे समारोह में एलपीजी सिलेंडर के इस्तेमाल में खास एहतियात बरतनी चाहिए बल्कि घरों में भी खास सावधानी रखनी चाहिए। क्योंकि एक छोटी सी लापरवाही जोधपुर जैसे हादसे का रूप ले सकती है।
हर साल 200 लोगों की हो जाती है मौत
देश में घरेलू सिलेंडर से होने वाले हादसे की तादाद भी कम नही है। पिछले 2 साल के आंकड़ों को देखा जाय तो हर साल औसत 200 से ज्यादा ब्लॉस्ट की घटनाएं हो रही है। NCRB के आंकड़ों के अनुसार साल 2021 में जहां 214 हादसे हुए वहीं साल 2020 में 245 हादसे हुए थे। और इन हादसों में मौत के मामले देखे जाए तो 2021 में 195 लोगों ने जान गंवाई। वहीं 2020 में 254 लोगों की मौत हो गई थी। साफ है कि देश में हर दूसरे दिन देश में कही न कही घरेलू गैस सिलेंडर यानी LPG के जरिए ब्लॉस्ट हो रहे हैं।
| LPG ब्लॉस्ट | 2020 | 2021 |
| हादसों में मृतकों की संख्या | 254 | 195 |
| कुल हादसे | 214 | 245 |
जोधपुर का परिवार ऐसे हो गया तबाह
राजस्थान के जोधपुर में एक शादी सामरोह सिलेंडर विस्फोट की वजह से कैसे मातम में बदल गया, उसकी दर्दनाक दास्तां पिछले एक हफ्ते से हर रोज सामने आ रही है। अब तक दूल्हे के माता,पिता,बहन सहित 28 लोगो की मौत हो चुकी है। कभी करीब ढाई दर्जन लोगों का जोधपुर के महात्मा गांधी अस्पताल में इलाज चल रहा है। इसमें भी कई घायलों की हालत नाजुक है।अस्पताल के अधीक्षक अनुसार मरने वाले सभी लोग 50 प्रतिशत या उससे अधिक जल गये थे। इससे ब्लॉस्ट कितना भयानक था इसका अंदाजा लगाया जा सकता है।
हमेश रखें इन बातों का ध्यान
- हादसों से बचने के लिए हमेशा LPG सिलेंडर को सीधा खड़ा रखें।
- आसपास ज्वलनशील वस्तुओं का उपयोग न करें।
- पहले माचिस की तीली जलाएं फिर गैस ऑन करें।
- लाइटर का इस्तेमाल करते हैं तो बर्नर पर उसे लगाकर ही ऑन करें।
- गैस चूल्हे को सिलेंडर से कम से कम छह इंच ऊपर रखें।
- हर पांच साल में सुरक्षा हौज जरूर बदलें।
- रिसाव महसूस होने पर तुरंत रेग्यूलेटर हटाकर सेफ्टी कैप लगाएं और सिलेंडर को खुले में रख दें।
- इमरजेंसी नंबर 1906 नंबर पर संपर्क करें।
- बिजली के स्विच से किसी तरह की छेड़छाड़ न करें।
- खिड़की -दरवाजे पूरी तरह खोल दें।
