Fake Job Offer From Foreign Countries:विदेश में फर्जी नौकरी के ऑफर में भारतीय युवा लगातार फंसते जा रहे हैं। ताजा मामला म्यांमार का है, जहां से 45 भारतीयों को छुड़ाया गया है। भारतीय विदेश मंत्रालय द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, इन लोगों को पिछले 10 दिनों में छुड़ाया गया है, और सभी लोग तमिलनाडु लौट आए हैं। लेकिन यह कोई पहला मामला नहीं है, पिछले कुछ समय से थाइलैंड, म्यांमार जैसे देशों में नौकरी के नाम पर भारतीय फर्जी ऑफर के शिकार हो रहे हैं। पूरा खेल एजेंटों के जरिए हो रहा है। और भारतीय युवा थाइलैंड, म्यांमार, लाओस, कंबोडिया जैसे देशों में फंस रहे हैं। इन देशों में ऐसे फंसे भारतीयों की संख्या सैकड़ों में हैं। और कई जगहों पर तो उन्हें बंधक भी बना लिया गया है। और उनसे बिना सैलरी के जबरन काम कराया जा रहा है। यहीं नहीं आरोप तो यह भी है कि बात न मानने पर बिजली के झटके भी दिए जा रहे हैं।
फर्जी जॉब ऑफर से कैसे बचें
एजेंट के जरिए हो रहा है खेल
असल में भारतीय युवाओं को फंसाने का पूरा खेल एजेंट के जरिए हो रहा है। इसके लिए म्यांमार , थाइलैंड, कंबोडिया, लाओस जैसे देशों में फर्जी गिरोह भारतीय युवाओं को कॉल सेंटर और क्रिप्टो करंसी कारोबार के नाम पर जॉब का लालच दे रहे हैं। इसमें डाटा एंट्री ऑपरेटर से लेकर आईटी सेक्टर की दूसरी जॉब ऑफर की जा रही है। जैसे कुछ फर्जी कंपनियों ने 'डिजिटल सेल्स एंड मार्केटिंग एक्जीक्यूटिव' के पदों के विज्ञापन दिए थे। और इस काम में दुबई और भारत के एजेंटी भी मिले हुए हैं।
@thewire_in Indian trapped in Myanmar # help out t.co/CybtL0Ff9y
— ANI (@ANI) Sep 24, 2022
IT प्रोफेशनल्स निशाने पर
विदेश मंत्रालय द्वारा जारी एडवाइजरी के अनुसार सोशल मीडिया विज्ञापनों के माध्यम से भारत और दुबई में मौजूद एजेंटों द्वारा युवाओं को फंसाया जा रहा है। जिसमें सबसे ज्यादा आईटी प्रोफेशनल्स निशाने पर हैं। ज्यादातर युवाओं को कथित तौर पर अवैध रूप से सीमा पार कराकर म्यांमार ले जाया जाता है और फिर उनहें कठोर परिस्थितियों में काम करने के लिए बंधक बना लिया जाता है।
इसलिए, भारतीय नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे सोशल मीडिया प्लेटफार्मों या अन्य स्रोतों के माध्यम से जारी किए जा रहे ऐसे फर्जी नौकरी प्रस्तावों में न फंसें। रोजगार के लिए पर्यटक/यात्रा वीजा पर यात्रा करने से पहले, भारतीय नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे नौकरी का प्रस्ताव लेने से पहले विदेशों में संबंधित मिशनों के माध्यम से विदेशी कंपनियों की साख और भर्ती एजेंटों का बैकग्राउंड की भी जांच करें।
Instances of similar job rackets have also come to light in Laos and Cambodia. Our Embassies in Vientiane, Phnom Pe… t.co/h85DwMaSma
— ANI (@ANI) Oct 5, 2022
बात नहीं मानने में बिजली के झटके
फंसे युवाओं का क्याा हाल है, इसे 24 सितंबर को किए गए एक ट्वीट से समझा जा सकता है। फंसे एक युवा ने विदेश मंत्रालय को टैग करते हुए लिखा है कि हम यहां पर बुरी तरह फंसे हुए हैं। हमें कोई सैलरी नहीं दी जा रही है। मांगने पर बिजली के झटके दिए जा रहे हैं। मारा-पीटा जा रहा है। करीब 300 भारतीय बंधक बने हुए हैं। हमसे 15-16 घंटे काम कराया जा रहा है। और यह सब चीन की कंपनियों द्वारा किया जा रहा है। चीनी कंपनियां जबरन साइबर क्राइम भी करा रही हैं।
