India AI Summit 2026: एआई समिट 2026 में हुए टीशर्ट उतारू प्रदर्शन मामले में दिल्ली पुलिस ने शुक्रवार को चार मुख्य साजिशकर्ताओं को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए सभी आरोपी इंडियन यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता हैं, जिन्हें पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया जाएगा।
यूथ कांग्रेस के चार कार्यकर्ता गिरफ्तार
समाचार एजेंसी एएनआई ने दिल्ली पुलिस के हवाले से यूथ कांग्रेस के चार कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी की जानकारी साझा की। बकौल दिल्ली पुलिस, यूथ कांग्रेस के 4 कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया है। उन्हें आज पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया जाएगा। दिल्ली पुलिस एफआईआर में कई गंभीर धाराएं लगा रही है।
दिल्ली पुलिस ने बताया कि यूथ कार्यकर्ताओं की पुलिस के साथ लंबी हाथापाई भी हुई है। फिलहाल पुलिस एक बड़ी साजिश की जांच कर रही है।
यूथ कांग्रेस का टीशर्ट उतारू विरोध प्रदर्शन
यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने एआई समिट के एक प्रदर्शनी हॉल में पहुंचकर अमेरिका के साथ व्यापार समझौते के विरोध में प्रदर्शन किया और पीएम नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारेबाजी की। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को तुरंत हटा दिया गया और तिलक मार्ग पुलिस स्टेशन ले जाया गया। कानून-व्यवस्था की स्थिति को भंग करने की किसी को अनुमति नहीं दी जाएगी।
क्या है पूरा मामला?
यूथ कांग्रेस से जुड़े प्रदर्शनकारी हॉल नंबर-5 के अंदर मार्च करते हुए पहुंचे। वे सफेद टीशर्ट पहने या पकड़े हुए थे, जिन पर पीएम मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तस्वीरें छपी थीं, तथा उन पर "इंडिया यूएस ट्रेड डील", "एपस्टीन फाइल्स" और "पीएम इज कम्प्रोमाइज्ड" जैसे नारे लिखे थे। कुछ प्रदर्शनकारियों ने टी-शर्ट भी उतार दी। उनके विरोध प्रदर्शन के चलते वहां अफरा-तफरी मच गई। इस दौरान कार्यक्रम में मौजूद कुछ प्रतिभागियों और कुछ प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस भी हुई।
इस प्रदर्शन को लेकर भाजपा ने कांग्रेस की जमकर आलोचना की और कहा कि मुख्य विपक्षी दल ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की छवि धूमिल की।भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने आरोप लगाया कि यह घटना कांग्रेस के शीर्ष नेताओं के कहने पर अंजाम दी गई है। उन्होंने कहा, ''यह साजिश राहुल गांधी, सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी की मौजूदगी में, राहुल गांधी के निवास स्थान पर रची गई थी। यह प्रयोग है, संयोग नहीं। यह भारत के विपक्ष के नेता राहुल गांधी द्वारा भारत की छवि को धूमिल करने का प्रयास है।''
