Rajnath Singh On Agniveer: दीपावली के मौके पर देश के लाखों अग्निवीरों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शनिवार को पश्चिम बंगाल के बागडोगरा वायुसेना स्टेशन पर जवानों के बीच पहुंचकर अग्निवीरों को लेकर बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि दो साल का अतिरिक्त कार्यकाल पूरा करने के बाद सभी अग्निवीर नियमित सैनिकों के रूप में भर्ती होने के पात्र होंगे। हालांकि, इसके लिए उनकी सहमति और चयन के निर्धारित मानदंडों को पूरा करना जरूरी होगा।
रक्षामंत्री राजनाथ सिंह (फोटो साभार- @rajnathsingh)
'अग्निवीरों के लिए दिवाली का महत्वपूर्ण उपहार'
रक्षा मंत्री ने इस फैसले को अग्निवीरों के लिए दिवाली का एक महत्वपूर्ण उपहार बताया। उन्होंने कहा कि सरकार रक्षा बलों के जवानों और उनके परिवारों के कल्याण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इस कदम से अग्निवीरों को देश की सेवा करने का एक और अवसर मिलेगा। बागडोगरा दौरे के दौरान रक्षा मंत्री ने जवानों के साथ बातचीत की और उनके हौसले की तारीफ की। उन्होंने ट्वीट कर लिखा, "बागडोगरा वायुसेना स्टेशन पर अपने बहादुर एयर वॉरियर्स से मिलकर खुशी हुई। भारतीय वायुसेना हमारे देश के आसमान की रक्षा में अटूट सतर्कता, अपार कौशल और तत्परता का मजबूत स्तंभ है।"
राजनाथ सिंह ने कहा कि आज के जटिल सुरक्षा माहौल में, जिसमें असममित युद्ध, ड्रोन हमले और साइबर अटैक शामिल हैं, हमारे एयर वॉरियर्स की जागरूकता और साइबर लचीलापन देश की रक्षा के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि हर त्योहार देश में खुशी और शांति से इसलिए मनाया जाता है क्योंकि हमारी सशस्त्र सेनाएं चौबीसों घंटे पहरा दे रही हैं। इस दौरान सैनिकों ने रक्षा मंत्री के सामने एक भावपूर्ण गीत भी सुनाया, जिसका वीडियो उन्होंने सोशल मीडिया पर शेयर किया। उन्होंने लिखा कि जवानों की आवाज में वही जोश, गर्व और समर्पण झलकता है, जो देश सेवा में उनकी पहचान है।
दरअसल, तीन दिन पहले ही सरकार ने घोषणा की थी कि चार साल का कार्यकाल पूरा होने पर सेना से सेवामुक्त होने वाले अग्निवीरों को दो साल का अतिरिक्त सेवा विस्तार दिया जाएगा। इसके बाद निर्धारित पात्रता मानदंडों को पूरा करने वालों को स्थायी भर्ती का अवसर भी दिया जाएगा। ये घोषणा करीब 18,300 अग्निवीरों के चार साल का कार्यकाल पूरा होने के बाद सशस्त्र बलों से सेवामुक्त होने से तीन सप्ताह पहले की गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में इस फैसले को मंजूरी दी गई थी।
जून 2022 में शुरू की गई थी अग्निवीर योजना
बता दें कि जून 2022 में शुरू की गई अग्निपथ योजना के तहत सैनिकों की चार साल के लिए भर्ती का प्रावधान था। इसमें केवल 25 प्रतिशत अग्निवीरों को ही नियमित सेवा में बनाए रखने का प्रावधान था। इसको लेकर लंबे समय से अग्निवीरों में असमंजस और चिंता बनी हुई थी। अब सरकार के नए फैसले से ये चिंता काफी हद तक दूर हो जाएगी। प्रमुख रक्षा अध्यक्ष (सीडीएस) जनरल एन. एस. राजा सुब्रमणि ने बुधवार को योजना में बदलाव की घोषणा की थी। फिलहाल, अग्निपथ योजना के तहत भर्ती किए गए तीन लाख से अधिक अग्निवीर सशस्त्र बलों में सेवा दे रहे हैं।
