Rukmani Krishnamurthy forensic scientist: साड़ी, सिर पर सफेद बाल, माथे पर सिंदूर, मोतियों का हार और हाथ में सोने के कड़े। यह खास पहचान 72 साल की हो चुकीं डॉ रुक्मिनी कृष्णामूर्ति की है। हालांकि पहचान सिर्फ इतनी सी नहीं। उनसे जब सवाल किया जाता है तो मुस्कुरा कर जवाब सभी सवालों का जवाब देती हैं। लेकिन उनके काम को सुनकर आप हैरान भी हो जाएंगे। कृष्णामूर्ति, भारत की महिला क्राइम इंवेस्टिगेटर हैं जिनके खाते में अनगिनत कामयाबी है। वो भारत की पहली महिला फॉरेंसिक साइंटिस्ट हैं। यही नहीं देश में पहली प्राइवेट फॉरेंसिक लैब स्थापित करने की भी कामयाबी है।
देश की पहली महिला क्राइम इंवेस्टिगेटर रुक्मिनी कृष्णामूर्ति
खास महिला, खास कामयाबी
द इकनॉमिक टाइम्स के मुताबिक वो कहती हैं कि ‘1993 के मुंबई बम धमाकों की जांच में उनकी रिपोर्ट और इंटरपोल की रिपोर्ट एक जैसी थी। उन्होंने करीब 50 साल पहले फॉरेंसिक साइंस की दुनिया में कदम रखा। एनालिटिकल केमिस्ट्री में पोस्ट ग्रैजुएट डिग्री और पीएचडी की डिग्री थी। बाद में महाराष्ट्र में डायरेक्टरेट ऑफ फोरेंसिक साइंस लैबोरेटरीज की डायरेक्टर भी बनीं।रुक्मणि कृष्णामूर्ति ने 2012 में अपनी प्राइवेट फोरेंसिक लैब हेलिक एडवाइजरी को जमीन पर उतारा। देश में पहली लैब थी। प्राइवेट लैब बनाने के संबंध में कहा कि सरकारी फोरेंसिक लैबोरेटरी केवल पुलिस और दूसरी जांच एजेंसियों से आए मामलों की ही जांच करती हैं। लेकिन उनकी सोच यह थी कि कंपनियां और दूसरे लोग भी फोरेंसिक सर्विस का फायदा उठा सकें।
खास घटना का जिक्र
एक खास वाक्ये का जिक्र कर कहती हैं। कि एक बड़ी दवा कंपनी शक हुआ कि इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी लीक हुआ। यही नहीं उस लीक में कंपनी के ही किसी कर्मचारी का हाथ हो सकता है। कंपनी के लोगों ने उनकी लैब से संपर्क स्थापित किया। उस कंपनी के 100 कर्मचारियों का लाई-डिटेक्टर टेस्ट से गुजारा गया और 6 लोगों को पूरी तरह से स्कैन किया गया। बाद में एक आरोपी ने अपने जुर्म को स्वीकार कर लिया था। रुक्मणी कृष्णमूर्ति ने 2002-2008 तक फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरीज, महाराष्ट्र के निदेशालय का नेतृत्व किया है। वह एम.एससी पूरा करने वाला मेधावी छात्र रही हैं। वह कई राष्ट्रीय स्तर की सलाहकार समिति की सदस्य रही हैं ।
देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (News in Hindi) पढ़ें हिंदी में और देखें छोटी बड़ी सभी न्यूज़ Times Now Navbharat Live TV पर। देश (India News) अपडेट और (आज की ताजा खबर) के लिए जुड़े रहे Times Now Navbharat से ।
