Cough Syrup Row: मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा में कप सिरप (Coldrif syrup) पीने से 14 बच्चों की मौत के मामले ने देश को झकझोर कर रख दिया है। कफ सिरप लिखने वाले डॉक्टर प्रवीण सोनी को शनिवार देर रात हिरासत में ले लिया गया है।
मध्य प्रदेश सहित कई राज्यों में कोल्ड्रिफल कफ सिरप पर बैन (सांकेतिक तस्वीर)
समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार, मध्य प्रदेश सरकार ने छिंदवाड़ा जिले में 14 बच्चों की संदिग्ध किडनी फेल्योर से मौत के बाद कोल्ड्रिफ कफ सिरप की बिक्री पर पूरी तरह रोक लगा दी है। तमिलनाडु के बाद मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, दिल्ली और केरल ने कोल्ड्रिफ कफ सीरप के उपयोग पर रोक लगा दी है।
अधिकारियों ने बताया कि जांच में दवा में अत्यंत जहरीला पदार्थ पाया गया है। बता दें कि परासिया उपखंड में 14 बच्चों की मौत 7 सितंबर के बाद हुई।
Coldrif syrup पर लगा प्रतिबंध।(फोटो सोर्स: मध्य प्रदेश सरकार x handle)
सिरप में मिला था बेहद हानिकारक पदार्थ
तमिलनाडु के ड्रग कंट्रोल निदेशालय ने जानकारी दी कि कोल्डरिफ सिरप में डायएथिलीन ग्लाइकोल (48.6% w/v) मिला हुआ है जो स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक है। इसी के आधार पर मध्य प्रदेश खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने राज्यभर में कोल्डरिफ की बिक्री रोकने और स्टॉक जब्त करने का आदेश दिया।
सीएम मोहन यादव ने क्या कहा?
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इसे "अत्यंत दुखद" घटना बताया और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। सिरप निर्माता कंपनी Sresan Pharmaceuticals के अन्य उत्पादों को भी परीक्षण तक बिक्री से हटाने का आदेश दिया गया है। बता दें कि प्रभावित बच्चों के नमूनों को पुणे के नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ वायरोलॉजी भेजा गया।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार CDSCO ने 6 राज्यों में 19 दवाओं के निर्माण इकाइयों का जोखिम-आधारित निरीक्षण शुरू किया है। विशेषज्ञों की टीम में NIV, ICMR, NEERI, CDSCO, AIIMS नागपुर शामिल हैं, जो मौत के कारणों की जांच कर रहे हैं।
'कोल्ड्रिफ' के निर्माताओं पर हो सख्त कार्रवाई: सीडीएससीओ
बता दें कि केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव कफ सिरप के तर्कसंगत उपयोग और दवाओं की गुणवत्ता पर सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों - प्रधान सचिवों/स्वास्थ्य सचिवों और औषधि नियंत्रकों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस करेंगे। केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (सीडीएससीओ) तमिलनाडु एफडीए (खाद्य एवं औषधि प्रशासन) को 'कोल्ड्रिफ' सिरप निर्माता के खिलाफ सबसे गंभीर अपराधों के तहत सख्त कार्रवाई की मांग करने वाला है।
