केंद्र सरकार ने दिल्ली के तीन मूर्ति भवन स्थित नेहरू मेमोरियल म्यूजियम व लाइब्रेरी (NMML) का नाम बदल दिया। इसका नया नाम प्राइम मिनिस्टर्स म्यूजियम एंड लाइब्रेरी सोसाइटी (PMMS) कर दिया है। सरकार ने बीते 16 जून को ही इस म्यूजियम का नाम बदलने का ऐलान किया था और अब 15 अगस्त से इसे नए नाम से जाना जाएगा।
दिल्ली के तीन मूर्ति भवन पर स्थित नेहरू मेमोरियल म्यूजियम व लाइब्रेरी का नाम बदला
जून में यह फैसला सोसाइटी के उपाध्यक्ष रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की एक बैठक के बाद लिया गया था। नेहरू मेमोरियल म्यूजियम का नाम बदले जाने को लेकर कांग्रेस ने बीजेपी पर जमकर हमला किया था।
पहले भारत में कमांडर इन चीफ का आधिकारिक निवास था
गौर हो कि तीन मूर्ति हाउस पहले भारत में कमांडर इन चीफ का आधिकारिक निवास था। आजादी के बाद ये तत्कालीन पीएम जवाहरलाल नेहरू का आधिकारिक निवास बना। अपने निधन तक नेहरू करीब 16 साल तक यहीं रहे थे।
'एक वंश से अलग नेता भी देश के लिए योगदान दे रहे हैं'
कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा था कि जिनका कोई इतिहास ही नहीं है, वो दूसरों के इतिहास को मिटाने चले हैं। उन्होंने कहा था कि नाम बदलने से पूर्व प्रधानमंत्री नेहरू की शख्सियत को कम नहीं किया जा सकता वहीं खरगे के बयान पर बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने भी पलटवार किया था। उन्होंने कहा था कि कांग्रेस इस बात को पचा नहीं पा रही है कि एक वंश से अलग नेता भी देश के लिए योगदान दे रहे हैं। उन्होंने कहा था कि पीएम संग्रहालय राजनीति से परे एक प्रयास है।
