दिल्ली ब्लास्ट पर अल फलाह यूनिवर्सिटी का बयान, कहा-विस्फोट में उसकी कोई भूमिका नहीं, परिसर में नहीं थी विस्फोटक सामग्री

यूनिवर्सिटी ने आगे कहा कि उसकी प्रयोगशालाएं का इस्तेमाल केवल एमबीबीएस छात्रों एवं अन्य अधिकृत पाठ्यक्रमों की अकेडमिक एवं प्रशिक्षण जरूरतों के लिए होता है। बयान में कहा गया है कि प्रयोगशाला में हर एक काम नियामकीय प्राधिकारियों के निर्देशानुसार सुरक्षा, वैधानिक एवं नैतिक मानकों को ध्यान में रखते हुए किया जाता है।

Al Falah University: फरीदाबाद स्थित अल फलाह यूनिवर्सिटी ने दिल्ली ब्लास्ट मामले में अपनी संलिप्तता होने से इंकार किया है। यूनिवर्सिटी ने बुधवार को जारी अपने एक बयान में कहा कि उसके परिसर में 'किसी तरह के रसायन' अथवा विस्फोटक सामग्री नहीं रखी गई और लाल किले विस्फोट मामले से उसका कोई संबंध नहीं है। यूनिवर्सिटी ने आगे कहा कि उसकी प्रयोगशालाएं का इस्तेमाल केवल एमबीबीएस छात्रों एवं अन्य अधिकृत पाठ्यक्रमों की अकेडमिक एवं प्रशिक्षण जरूरतों के लिए होता है। बयान में कहा गया है कि प्रयोगशाला में हर एक काम नियामकीय प्राधिकारियों के निर्देशानुसार सुरक्षा, वैधानिक एवं नैतिक मानकों को ध्यान में रखते हुए किया जाता है।

al falah university

दिल्ली विस्फोट मामले में संदेह के घेरे में आई अल-फलाह यूनिवर्सिटी। तस्वीर-PTI

76 एकड़ में फैला है विवि का परिसर

हरियाणा में फरीदाबाद जिले के मुस्लिम बहुल धौज गांव में अल-फलाह विश्वविद्यालय और उसका 76 एकड़ में फैला परिसर ‘सफेदपोश आतंकी मॉड्यूल’और दिल्ली के लाल किले के पास हुए उच्च तीव्रता वाले विस्फोट के सिलसिले में तीन चिकित्सकों की गिरफ्तारी के बाद जांच के घेरे में आ गया है। पढ़े-लिखे लोगों के ‘पाकिस्तान समर्थित सरपरस्तों के इशारे पर काम करते’ हुए पाए जाने के बाद जांचकर्ता यह पता लगा रहे हैं कि यह विश्वविद्यालय ऐसे व्यक्तियों के लिए आश्रय स्थल कैसे बन गया।

End of Feed