PM Modi Interview : लोकसभा चुनाव अपने अंतिम दौर में है। सांतवें एवं अंतिम चरण का मतदान एक जून को है। इस अंतिम चरण के लिए सभी राजनीतिक दल मतदाताओं को लुभाने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक चुके हैं। राजनीतिक रैलियों और चुनाव-प्रचार के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मीडिया हाउस एवं समाचार एजेंसियों को साक्षात्कार भी दे रहे हैं। इसी क्रम में उन्होंने समाचार एजेंसी ANI से खास बातचीत की है। इस इंटरव्यू में खासकर उन्होंने ओडिशा के चुनावी परिदृश्य पर विस्तार से बात की है। उनका कहना है कि बीते 25 साल से ओडिशा में तरक्की नहीं हुई है। एक टोली है जिसने राज्य की व्यवस्था पर कब्जा कर लिया। प्रधानमंत्री ने ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक के साथ अपने रिश्ते के बारे में भी अपनी राय रखी। बता दें कि ओडिशा में लोकसभा के साथ-साथ विधानसभा के चुनाव भी हो रहे हैं।
ओडिशा में एक जून को होगा मतदान।
ओडिशा में वर्तमान सरकार की एक्सपायरी डेट 4 जून -PM
ओडिशा विधानसभा चुनाव पर प्रधानमंत्री ने कहा, '25 साल से ओडिशा में प्रगति नहीं हो रही है। सबसे बड़ी चिंता इस बात की है कि कुछ ऐसे लोगों की टोली है जिसने पूरे ओडिशा की व्यवस्था पर कब्जा कर लिया है। ओडिशा अगर उन बंधनों से बाहर आएगा तो ओडिशा खिलेगा।' ओडिशा के पास इतने प्राकृतिक संसाधन हैं, इतने समृद्ध राज्य में गरीब लोगों को देखकर दुख होता है। ओडिशा भारत के समृद्ध राज्यों में से एक है। बहुत अधिक प्राकृतिक संपदा है और ओडिशा भी भारत के गरीब लोगों के राज्यों में से एक है, इसलिए ओडिशा के लोगों को उनका अधिकार मिलना चाहिए इसके लिए सरकार जिम्मेदार है। ओडिशा का भाग्य बदलने वाला है। ओडिशा की वर्तमान सरकार की एक्सपायरी डेट 4 जून है।'
'मैं अपने रिश्ते का बलिदान दे दूंगा'
ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक के साथ अपने रिश्ते के बारे में पूछे जाने पर प्रधानमंत्री ने कहा कि 'देश के सभी राजनीतिक दलों के नेताओं के साथ मेरे अच्छे रिश्ते हैं। लोकतंत्र में हम किसी के साथ शत्रुता एवं कटुता का भाव नहीं रखते हैं। लेकिन अब सवाल है कि मुझे अपने रिश्ते का ख्याल रखना चाहिए या ओडिशा के भाग्य की चिंता करनी चाहिए तो मैं ओडिशा के उज्ज्वल भविष्य के लिए खुद को समर्पित करूंगा। इसके लिए भले ही मुझे अपने संबंधों का बलिदान करना पड़ जाए। मैं अपने रिश्ते का बलिदान दूंगा। चुनाव के बाद मैं सभी को भरोसा में लूंगा कि मेरी किसी के साथ शत्रुता नहीं है।'
मैं 'गाली प्रूफ' बन गया हूं-पीएम
चुनाव अभियानों के दौरान व्यक्तिगत हमलों के बारे में पूछे जाने पर पीएम मोदी ने कहा, 'जहां तक मोदी का सवाल है, पिछले 24 वर्षों से लगातार गालियां खा-खाकर मैं 'गाली प्रूफ' बन गया हूं। मुझे 'मौत का सौदागर' और 'गंदी नाली का कीड़ा कहा गया। अब गाली देना उनका स्वभाव बन गया है।' पीएम ने कहा, 'संसद में हमारी पार्टी के सदस्य ने हिसाब लगाया और 101 गालियां गिनाईं। तो चाहे चुनाव हो या न हो, ये लोग (विपक्ष) मानते हैं कि गाली देने का अधिकार सिर्फ उन्हें है और वे इतने हताश हो गए हैं कि अब गाली देना उनका स्वभाव बन गया है।'
