Bihar Politics: लोकसभा चुनाव का ऐलान हो गया है। पहले चरण की नामांकन प्रक्रिया भी शुरू हो गई है, लेकिन अभी तक बिहार में महागठबंधन की ओर से सीटों का ऐलान नहीं हो पाया है। इसकी बड़ी वजह बिहार में पनप रहे नए समीकरण हैं। एक ओर से एनडीए से इस्तीफा देने के बाद पशुपति पारस इंडिया गठबंधन के संपर्क में हैं तो मंगलवार देर रात जन अधिकार पार्टी के संरक्षक पप्पू यादव भी राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादवे मिलने पहुंचे, यहां तीनों नेताओं के बीच लंबी बातचीत हुई।
लालू व तेजस्वी यादव से मिले पप्पू यादव
जानकारी के मुताबिक, लालू यादव, तेजस्वी और पप्पू यादव के बीच आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर काफी गहरी चर्चा हुई और आगे की रणनीति भी बनी। माना जा रहा है कि पप्पू यादव की पार्टी महागठबंधन में शामिल हो सकती है और आगमी लोकसभा चुनाव राजद और कांग्रेस के साथ लड़ सकती है। पप्पू यादव पूर्णिया सीट से दावेदारी कर रहे हैं।
सीमांचल और मिथिलांचन में बीजेपी को रोकना लक्ष्य
लालू और तेजस्वी यादव से मुलाकात के बाद पप्पू यादव ने कहा कि लालू यादव और मेरे बीच कोई राजनीतिक संबंध नहीं है, यह पूरी तरह से भावनात्मक संबंध हैं। उन्होंने कहा, कल हम सब एक साथ बैठे थे। हमारी कोशिश है कि किसी भी कीमत पर सीमांचल और मिथिलांचल में बीजेपी को रोका जाए। उन्होंने कहा, तेजस्वी यादव ने 17 महीने काम किया और विश्वास कायम किया है। इसी तरह राहुल गांधी ने लोगों का दिल जीता और उनमें उम्मीद जगाई है।
मिलकर लड़ेंगे चुनाव
पप्पू यादव ने कहा, हम एक साथ न केवल 2024 बल्कि 2025 में बिहार विधानसभा चुनाव भी जीतेंगे। उन्होंने कहा, हमारे लिए पूर्णिया सीट मायने नहीं रखती, मायने रखता है भाजपा को रोकना और कमजोर वर्गों की पहचान और विचारधारा की रक्षा करना। हम साथ मिलकर लड़ेंगे। कांग्रेस नेतृत्व के साथ, जिसने इस देश का दिल जीत लिया, वही इस देश का पीएम होगा।
दिल्ली रवाना हुए पप्पू यादव
खबर है कि आज सुबह पप्पू यादव दिल्ली रवाना हो गए हैं। वह दिल्ली में कांग्रेस आलाकमान से मुलाकात करेंगे। जानकारी के मुताबिक, पप्पू यादव राजद प्रमुख लालू यादव के निर्देश पर दिल्ली रवाना हुए हैं। उन्होंने अपनी पार्टी की विलय की खबरों पर कहा कि ये राहुल गांधी और लालू यादव को तय करना है।
