शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने Times Now Summit 2026 में Times Now और Times Now Navbharat की ग्रुप एडिटर-इन-चीफ़ नविका कुमार के साथ बातचीत के दौरान बताया कि NCERT मामले में एक समिति बनाई गई है, जो एक नए अध्याय के विकास की देखरेख करेगी। यह नया अध्याय न्यायपालिका से जुड़े उस विवादित विषय की जगह लेगा। उन्होंने कहा, सरकार का मुख्य उद्देश्य शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और समानता सुनिश्चित करना है।
टाइम्स नाउ समिट 2026 में धर्मेंद्र प्रधान ने UGC और NCERT विवाद पर बात की।
समिति का क्या होगा काम
NCERT से जुड़े विवाद पर बात करते हुए शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने बताया कि NCERT के पाठ्यक्रम में न्यायपालिका से संबंधित विवादित विषय की जगह एक नया अध्याय तैयार किया जाएगा। इसके लिए जो विशेष समिति का गठन किया गया है, उसका उद्देश्य इस पूरे कार्य की निगरानी करना होगा। यह समिति सुप्रीम कोर्ट के मार्गदर्शन में काम करेगी और इसकी अध्यक्षता सुप्रीम कोर्ट की पूर्व न्यायाधीश Indu Malhotra कर रही हैं।
UGC से जुड़े मुद्दे पर किया परहेज
UGC से जुड़े हालिया विवाद पर शिक्षा मंत्री ने सीधी टिप्पणी करने से परहेज किया। उन्होंने कहा कि मामला अभी अदालत में विचाराधीन है, इसलिए इस पर कुछ कहना उचित नहीं होगा। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार किसी भी प्रकार के उत्पीड़न का समर्थन नहीं करती और यह सुनिश्चित करना उसकी जिम्मेदारी है कि किसी के साथ कोई भेदभाव न हो। साथ ही, उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार अदालत के सभी निर्देशों का पालन करेगी।
अपने आगामी कार्यों और प्राथमिकताओं पर प्रकाश डालते हुए मंत्री ने कहा कि शिक्षा मंत्रालय की सबसे बड़ी जिम्मेदारी देश के छात्रों को बेहतर और उच्च गुणवत्ता वाले संसाधन उपलब्ध कराना है। उन्होंने बताया कि मंत्रालय करीब 30 करोड़ छात्रों से जुड़ा हुआ है, जो आने वाले समय में देश के विकास की दिशा तय करेंगे।
उन्होंने जोर देकर कहा कि छात्रों को आधुनिक तकनीक, मजबूत बुनियादी ढांचा, उच्च स्तर की शोध सुविधाएं और सामाजिक जिम्मेदारी की समझ प्रदान करना आवश्यक है। उनके अनुसार, यही छात्र भविष्य में देश का नेतृत्व करेंगे और भारत के विकास के सपनों को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
