Tara Shahdeo Love Jihad Case: झारखंड के बहुचर्चित शूटर तारा शाहदेव लवजिहाद मामले में कोर्ट ने गुरुवार को आरोपियों को सजा सुना दी। इससे पहले सीबीआई की कोर्ट ने तारा शाहदेव के पति, सास समेत एक अन्य को इस मामले में दोषी पाया था। जिसके बाद आज इस मामले में कोर्ट ने सजा सुनाई। राष्ट्रीय निशानेबाज तारा शाहदेव के जबरन धर्म परिवर्तन मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की एक अदालत ने गुरुवार को दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद उसके पति रकीबुल उर्फ रंजीत कोहली को आजीवन कारावास की सजा सुनाई, जबकि उसकी मां और तारा की सास कौसर रानी को दस साल कैद की सजा सुनाई गई है।
तारा शाहदेव लव जिहाद केस में आरोपी को उम्रकैद की सजा (फोटो- @ShahdeoTara)
एक अन्य को 15 साल की सजा
दूसरे आरोपी झारखंड हाईकोर्ट के पूर्व रजिस्ट्रार (विजिलेंस) मुश्ताक अहमद को 15 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई गई है। साथ ही तीनों पर पचास-पचास हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया गया है। सीबीआई कोर्ट के विशेष न्यायाधीश पीके शर्मा की अदालत ने 30 सितंबर को ही तीनों को दोषी करार दिया था। इनकी सजा पर गुरुवार को फैसला सुनाया गया। कोर्ट ने रंजीत कोहली उर्फ रकीबुल को आईपीसी की धारा 120बी, 376, 323, 298, 506 और 496 के तहत दोषी माना है। कौशल रानी को आईपीसी की धारा 120बी, 298, 506 और हाई कोर्ट के पूर्व रजिस्ट्रार मुश्ताक अहमद को आईपीसी की धारा 120बी और 298 में दोषी पाया गया है।
2014 में सामने आया था मामला
धर्म परिवर्तन, यौन उत्पीड़न और दहेज प्रताड़ना का यह मामला वर्ष 2014 में पूरे देश में चर्चित हुआ था। इस केस को हाईकोर्ट के आदेश पर सीबीआई ने 2015 में टेक ओवर किया था। जांच पूरी होने के बाद सीबीआई ने 2017 में रंजीत उर्फ रकीबुल, उसकी मां कौशल रानी और झारखंड उच्च न्यायालय के तत्कालीन रजिस्ट्रार (सतर्कता) मुश्ताक अहमद के खिलाफ चार्जशीट फाइल की थी।
मां भी थी प्रताड़ना में शामिल
आरोपियों के खिलाफ 2 जुलाई 2018 को आरोप गठित किया गया था। इसके बाद से तीनों के खिलाफ लंबा ट्रायल चला। सीबीआई की ओर से की गई बहस के दौरान तारा शाहदेव द्वारा कोहली उर्फ रकीबुल पर लगाए गए धर्म परिवर्तन, यौन उत्पीड़न और दहेज प्रताड़ना के आरोपों को सही बताया गया। कोहली की मां और हाईकोर्ट के बर्खास्त रजिस्ट्रार (विजिलेंस) को भी इस पूरी साजिश में सहभागी बताया गया।
क्या थे आरोप
नेशनल शूटर तारा शाहदेव ने रंजीत सिंह कोहली पर धोखा देकर शादी करने का आरोप लगाया था। दोनों की शादी 7 जुलाई 2014 को हुई थी। शादी के बाद उसे पता चला कि रंजीत सिंह कोहली पहले ही अपना धर्म बदलकर इस्लाम कबूल कर चुका था और उसने अपना नाम रकीबुल हसन रख लिया था। तारा शाहदेव से शादी के बाद रंजीत उर्फ रकीबुल उस पर इस्लाम कबूलने का दबाव बनाने लगा। तारा शाहदेव ने पुलिस में दर्ज कराए गए मामले में बताया था कि ऐसा नहीं करने पर उसकी पिटाई की जाती थी और कई बार कुत्ते से कटवाया गया था। शाहदेव के मुताबिक, कई-कई दिनों तक उसे खाना भी नहीं दिया जाता था। उसे सख्त चेतावनी दी गई थी कि वह 'सिंदूर' न लगाए, अन्यथा उसके हाथ तोड़ दिए जाएंगे।
