गुजरात (Gujarat) के अहमदाबाद जिले से एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने हर किसी को हैरान कर दिया है। यहां एक पिता पर अपने ही 10 साल के बेटे की बेरहमी से हत्या करने का आरोप लगा है। बताया जा रहा है कि पिता नहीं चाहता था कि उसका बेटा परिवार की परंपरा के मुताबिक माता का भुवा (तांत्रिक) बने। इसी बात को लेकर उसने अपने 10 साल के बेटे की जान ले ली।
गुजरात में पिता ने की बेटे की हत्या (Times Now Navbharat)
पास की खाट पर सोता मिला आरोपी पिता
घटना के बाद आरोपी पिता बच्चे के शव के पास ही दूसरी खाट पर लेट गया। यह मामला अहमदाबाद जिले के साणंद तालुका के विंछिया गांव का है। मृतक बच्चे की पहचान करण के रूप में हुई है। पुलिस ने उसकी मां भारतीबेन की शिकायत पर आरोपी पिता नरेशभाई के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया।
टाइम्स नाउ नवभारत पर ये भी पढ़ें: फ्लोरिडा में प्राइवेट जेट क्रैश, 9 लोगों की मौत
मां के मायके जाने के बाद घर पर अकेले थे पिता-बेटा
पुलिस में दर्ज शिकायत के मुताबिक, भारतीबेन अपने पति नरेशभाई और बेटे करण के साथ विंछिया गांव में रहती थीं। नरेशभाई खेती का काम करता था। करीब 10 दिन पहले पति-पत्नी के बीच झगड़ा हुआ था। आरोप है कि इस दौरान नरेशभाई ने अपनी पत्नी के साथ मारपीट भी की थी। इसी बीच करण की परीक्षा होने वाली थी इसलिए भारतीबेन उसे पिता के पास छोड़कर अपने मायके अमथापुरा गांव चली गईं। इसके बाद घर में सिर्फ नरेशभाई और करण ही रह गए थे।
मंदिर के पास बेटे को जमीन पर पटका
बताया जा रहा है कि 1 नवंबर 2026 की शाम करीब 7 बजे यह घटना हुई। शाम को गांव के एक व्यक्ति ने भारतीबेन के भाई को फोन कर बताया कि नरेशभाई ने करण को लकड़ी से मारा है। इसके बाद भारतीबेन अपने परिवार के साथ गांव पहुंचीं। रात करीब 9 बजे जब वे जोगणी माता के मंदिर के पास पहुंचीं, तो करण खाट पर खून से लथपथ पड़ा था। उसके सिर पर गंभीर चोटें थीं। शिकायत के अनुसार, तब तक बच्चे की मौत हो चुकी थी।
बेटे को भुवा नहीं बनाना चाहता था पिता
भारतीबेन की शिकायत में आरोप लगाया गया है कि जब उन्होंने पति से बेटे के साथ हुई घटना के बारे में पूछा, तो उसने हत्या की वजह बताई। नरेशभाई के परिवार में उसके पिता भी माता के भुवा (तांत्रिक) थे और वह खुद भी भुवा बना था लेकिन वह नहीं चाहता था कि उसका बेटा भी इस परंपरा को आगे बढ़ाए। इसी वजह से उसने करण को जोगणी माता के मंदिर के पास दोनों पैरों से पकड़कर दो से तीन बार जमीन पर पटका। इसके बाद उसके सिर पर लकड़ी से वार किया।
शव के पास दूसरी खाट पर लेटा मिला आरोपी
शिकायत के मुताबिक, जब परिवार मौके पर पहुंचा, तो करण खून से लथपथ खाट पर पड़ा था, जबकि आरोपी पिता पास की दूसरी खाट पर लेटा हुआ था। उसके कपड़ों पर भी खून के निशान थे।
पुलिस कर रही है मामले की जांच
अहमदाबाद (Ahemdabad) ग्रामीण की साणंद डिवीजन की DSP नीलम गोस्वामी के मुताबिक, शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी खुद माता का भुवा था और उसका पिता भी इस परंपरा से जुड़ा था। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने पूछताछ में बेटे को भुवा (तांत्रिक) बनने से रोकने के इरादे से यह कदम उठाने की बात कही है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। स्थानीय लोगों के कुछ दावों की भी पड़ताल की जा रही है।
