MLA Alam Badi : उत्तर प्रदेश विधानसभा में मंगलवार को सदन की कार्यवाही के लिए समाजवादी पार्टी के सबसे उम्रदराज विधायक की अनोखी एंट्री हुई। आजकल जहां राजनेता तमाम सिक्योरिटी और महंगी कारों से पहुंचते हैं तो वहीं 90 साल के माननीय बिना किसी लाव लश्कर के साधारण तरीके से विधानसभा में दाखिल हुए। एक स्कूटी पर पीछे सवार होकर पहुंचे तो सदन के बाहर खड़े तमाम लोग देखते रह गए। वे बिना किसी सहारे के सीढ़ियां चढ़ते हुए अंदर पहुंचे और सदन की कार्यवाही में हिस्सा लिया। इस दौरान मुख्यमंत्री एवं सदन के नेता योगी आदित्यनाथ द्वारा शोक प्रस्ताव प्रस्तुत किए जाने के बाद सदन ने भाजपा विधायक प्रोफेसर श्याम बिहारी लाल और समाजवादी पार्टी के नेता विजय सिंह गोंड की स्मृति में दो मिनट का मौन रखा गया।
सपा के सबसे उम्र दराज विधायक आलम बदी
कौन हैं विधायक आलम बदी?
समाजवादी पार्टी के निजामाबाद निर्वाचन क्षेत्र से 90 वर्षीय विधायक आलम बदी उत्तर प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र में भाग लेने के लिए स्कूटर पर पहुंचे थे। उनके बारे में कहा जाता है कि वे रोडवेज बसों से यात्रा करते हैं, अपने पूरे घर की सफाई हाथों से करते हैं, सबसे सस्ते कपड़े पहनते हैं और उनके पास कार तक नहीं है। उन्हें यूपी के सबसे ईमानदार विधायकों की श्रेणी में सबसे ऊपर गिना जाता है। उनके बारे में कहा जाता है कि उम्र के इस पड़ाव पर भी सदन की ज्यादातर कार्यवाहियों में शामिल होकर अपने मुद्दे रखते हैं।
आलम बदी का राजनीतिक करियर
आलम बदी समाजवादी पार्टी (SP) के एक वरिष्ठ नेता और उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ की निज़ामाबाद निर्वाचन क्षेत्र से विधायक हैं। मीडिया खबरों के मुताबिक, 93 वर्षीय आलम बदी ने 2022 के विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार को हराकर 18वीं विधानसभा का हिस्सा बने। जानकारी के मुताबिक, वे साल 1996 से लगातार निज़ामाबाद सीट का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। वे 13वीं, 14वीं, 16वीं, 17वीं और 18वीं विधानसभा के लिए चुने गए। वे बेहद सक्रिय हैं और अक्सर विधानसभा में भाग लेने के लिए स्कूटर से आते रहते हैं।
मैकेनिकल इंजीनियर हैं आलम बदी
कहा जाता है कि बदी साहब मैकेनिकल इंजीनियर हैं और शुरुआती दौर में उन्होंने गोरखपुर में नौकरी भी की। लेकिन बाद में नेहरू, गांधी, सुभाष चंद्र बोस से प्रेरित होकर समाजसेवा के क्षेत्र को चुन लिया। साल 1996 में पहली बार समाजवादी पार्टी की टिकट पर चुनाव जीते, तब से अभी तक सिर्फ 15वीं विधानसभा में कुछ वोटों के अंतर हार गए, लेकिन फिर 16वीं विधानसभा से लगातार चुने जा रहे हैं।
जानकारी के मुताबिक, विधायक बदी के पास कोई ठीक-ठाक गाड़ी नहीं है। इससे पूर्व एक सेकेंड हैंड एम्बेसडर कार थी, लेकिन उसकी हालत बेहद खराब थी, जो कभी भी रास्ते में बंद हो जाती थी या डीजल खत्म हो जाता था। लिहाजा, अब वे किसी कार्यकर्ता की स्कूटी, बाइक या किसी अन्य वाहन में लिफ्ट लेकर पहुंच जाते हैं।
