UP Traffic Rules: उत्तर प्रदेश में लगातार वाहन चालकों की अराजकता सड़क पर देखने को मिल रही है। कार, बाइक, ई-रिक्शा जैसे कई वाहन चलाने वाले चालकों का गैर-जिम्मेदाराना बर्ताव सड़क पर हादसे का सबब बनता जा रहा है। इसे देखते हुए अब यूपी सरकार ने सख्त नियम जारी कर दिया है। दरअसल, यदि वाहन चालक अब ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करते पाए जाएंगे तो उनका ड्राइविंग लाइसेंस तत्काल प्रभाव कैंसिल हो जाएगा। इसके बाद भी अगर उनकी लापरवाही पर अंकुश नहीं लगा तो उनकी गाड़ी का रजिस्ट्रेशन भी कैंसिल हो जाएगा। यह कहना है मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्रा सड़क सुरक्षा को लेकर योगी आदित्यनाथ सरकार कोई समझौता नहीं करना चाहती है इसलिए वाहनों के सही संचालन पर जोर दिया जा रहा है जिससे दुर्घटनाओं पर विराम लग सके। बता दें कि, 15 से 31 दिसंबर तक सड़क दुर्घटना सुरक्षा पखवाड़ा आयोजित किए जाने की बात भी चल रही है।
वाहन का चालान। (सांकेतिक फोटो)
मुख्य सचिव का आदेश जारी
मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्रा ने सड़क सुरक्षा के संदर्भ में हाल ही में मंडलायुक्त और जिलाधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं। उनसे कहा गया है कि, तीन बार चालान होने पर ड्राइविंग लाइसेंस कैंसिल और अनियमितता बरकरार रहने पर वाहनों का पंजीकरण निरस्त कर दिया जाए। वीसी बैठक के दौरान कहा गया है कि, सड़क सुरक्षा एक संवेदनशील मुद्दा है और ओवर स्पीडिंग, रॉन्ग साइड ड्राइविंग, मोबाइल फोन का प्रयोग और ड्रंक एंड ड्राइविंग सड़क दुर्घटनाओं के मुख्य कारण होते हैं। इसमें कमी लाने के लिए जागरूकता लाई जाए।
आदेश के साथ सख्ती
वाहन सवारों की लापरवाही के खिलाफ प्रदेश भर में सख्ती शुरू हो गई है। लखनऊ संभाग में लखनऊ के बाद सर्वाधिक ड्राइविंग लाइसेंस उन्नाव में निरस्त हुए हैं। पिछले सात महीने में सबसे कम कार्रवाई हरदोई के दौरान हुई है। गौरतलब है कि, सड़क सुरक्षा से जुड़ी सबसे ज्यादा बैठकें भी हरदोई में ही होती हैं।
15 से सड़क सुरक्षा पखवारा
आरटीओ प्रवर्तन संदीप कुमार पंकज ने हमारी सहयोगी वेबसाइट नवभारत टाइम्स को बताया है कि ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई बदस्तूर जारी है। इसी कड़ी में 15 दिसंबर से फिर सड़क सुरक्षा पखवारा चलाकर लोगों को जागरूक किया जाएगा।
